प्रतिनिधि, हजारीबाग
कांग्रेस के प्रदेश महासचिव सुरजीत नागवाला ने हजारीबाग में जल, जंगल और जमीन की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन से ठोस कार्रवाई की मांग की है. उन्होंने आरोप लगाया कि ऐतिहासिक हजारीबाग झील के सुंदरीकरण के लिए खर्च किये गये 13.97 करोड़ के कार्य में अनियमितता हुई है. उन्होंने पूरे मामले की तकनीकी एवं वित्तीय ऑडिट कराकर जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की. सोमवार को प्रेस कांफ्रेंस कर सुरजीत नागवाला ने कहा कि जिले में सरकारी जमीन, नदी, नाला और तालाबों पर बड़े पैमाने पर अतिक्रमण हो रहा है. इससे जलस्रोत समाप्त हो रहे हैं और जलजमाव की समस्या बढ़ रही है. उन्होंने सभी अंचलों में विशेष सर्वे कराकर अतिक्रमण हटाने की मांग की. साथ ही खास महल की जमीनों की कथित अवैध खरीद-बिक्री की निष्पक्ष जांच तथा हाउसिंग बोर्ड की जमीन और मकानों से अवैध कब्जा हटाने की भी मांग की. उन्होंने यह भी कहा कि नगर निगम क्षेत्र के 140 थानों की रसीद आज तक नहीं काटी गयी है, जिसकी जांच होनी चाहिए. प्रेस वार्ता में जिला प्रवक्ता मनोज नारायण भगत, इंटक के धीरज सिंह, अशोक देव, अजय प्रजापति, कृष्ण किशोर प्रसाद, परमेश्वर कुमार सहित अन्य कांग्रेस नेता मौजूद थे.
