राजभाषा हिंदी के माध्यम से समाज में जागरूकता लायें : प्रो विजयकांतधर दुबे

विनोबा भावे विश्वविद्यालय के हिन्दी विभाग में मंगलवार को हिंदी साहित्य में राष्ट्रवाद का स्वरूप विषयक पर एक दिवसीय कुलाधिपति व्याख्यान माला हुआ.

By VIKASH NATH | May 6, 2025 9:55 PM

हिंदी साहित्य में राष्ट्रवाद का स्वरूप विषयक पर व्याख्यान माला 6हैज24में- व्याख्यानमाला को संबोधित करते प्रो विजयाकांत धर दुबे 6हैज25में- व्याख्यानमाला में उपस्थित विद्यार्थी हजारीबाग. विनोबा भावे विश्वविद्यालय के हिन्दी विभाग में मंगलवार को हिंदी साहित्य में राष्ट्रवाद का स्वरूप विषयक पर एक दिवसीय कुलाधिपति व्याख्यान माला हुआ. मुख्य वक्ता डाॅ विजयकांत धर दुबे ने राष्ट्रवाद का प्रयोग सर्वव्यापकता के साथ करने पर बल दिया. उन्होंने राजभाषा हिंदी के माध्यम से समाज में जागरूकता फैलाने की बात कही. अध्यक्षता हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ कृष्ण कुमार गुप्ता ने की. उन्होंने विद्यार्थियों के भीतर राष्ट्र भावना जगाने पर बल दिया. विभागीय प्राध्यापक डॉ केदार सिंह ने राष्ट्र प्रेम को बढ़ाते हुए एकता की बात पर बल दिया. डॉ सुबोध सिंह ने राष्ट्रीय गुणों की चर्चा की. उन्होंने राष्ट्र की चिंता व्यक्त करते हुए समाधान की ओर ध्यान केंद्रित किया. शिक्षक आनंद सिंह ने मित्रवत्त व्यवहार रखने की बात कही और कवि माखनलाल चतुर्वेदी के उदाहरण से राष्ट्र भावना को विद्यार्थियों के हृदय में भरा. मंच संचालन विभागीय प्राध्यापक डॉ राजू राम एवं धन्यवाद ज्ञापन प्राध्यापक डॉ सुनील कुमार दुबे ने किया. स्वागत गीत विद्यार्थी मानसी कुमारी एवं पूर्वी ऊषा ने प्रस्तुत किया. व्याख्यान में प्राध्यापकों के साथ शोधार्थी एवं द्वितीय तथा चतुर्थ के कई विद्यार्थी उपस्थित थे.

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