दशकों का सपना हुआ साकार

हजारीबाग : 65 वर्षों से लंबित हजारीबाग हवाई अड्डा निर्माण योजना का शिलान्यास मंगलवार को केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री जयंत सिन्हा, नगर विकास मंत्री सीपी सिंह ने किया. हजारीबाग में हवाई अड्डा निर्माण को लेकर प्रभात खबर भी वर्षों से प्रयासरत रहा. 10 जनवरी-2017 को हजारीबाग में हवाई अड्डा नहीं बनने के कारणों की पड़ताल […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | March 6, 2019 12:56 AM

हजारीबाग : 65 वर्षों से लंबित हजारीबाग हवाई अड्डा निर्माण योजना का शिलान्यास मंगलवार को केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री जयंत सिन्हा, नगर विकास मंत्री सीपी सिंह ने किया. हजारीबाग में हवाई अड्डा निर्माण को लेकर प्रभात खबर भी वर्षों से प्रयासरत रहा. 10 जनवरी-2017 को हजारीबाग में हवाई अड्डा नहीं बनने के कारणों की पड़ताल प्रभात खबर ने की थी. प्रभात खबर हवाई अड्डा योजना के लंबित रहने के कारणों का खुलसा करता रहा.

मुआवजा को लेकर कोर्ट में चल रहा है मामला: हजारीबाग हवाई अड्डा निर्माण के लिए 200 एकड़ जमीन अधिग्रहण के मामले को प्रभात खबर ने प्रमुखता से उठाया था. इसमें नगवां और चुरचू गांव की जमीन शामिल है. जमीन विवाद का मामला बताकर हवाई अड्डा योजना को हर बार ठंडे बस्ते में रखा जाता रहा, जबकि सच्चाई यह है कि प्रस्तावित 200 एकड़ जमीन में मात्र 33 एकड़ जमीन जो नगवां गांव में है, इस जमीन पर मुआवजा को लेकर मामला हाइकोर्ट में चल रहा है.
पीआइएल करनेवाले नगवां गांव के रामनरेश कुमार ने नगवां गांव की जमीन 1952-53 में जिला प्रशासन द्वारा अधिग्रहण के दावे को चुनौती दी. पीआइएल डब्लूपीसी 1292-12011 में हाइकोर्ट में दर्ज हुआ. रामनरेश कुमार व अन्य बनाम झारखंड सरकार के बीच जमीन मुआवजा को लेकर मामला शुरू हुआ. हजारीबाग समाहरणालय पत्रांक संख्या 966-13 दिसंबर 2016 के माध्यम से अतुल बनर्जी सरकारी अधिवक्ता झारखंड उच्च न्यायालय रांची के माध्यम से इंटर लोकेट्री एप्लिकेशन दायर की गयी.