दो साल पहले हुआ था निलंबित, फिर उसी को मिला मिला लाइसेंस, विरोध

दो साल पहले हुआ था निलंबित, फिर उसी को मिला मिला लाइसेंस, विरोध

भरनो. प्रखंड के मारासिली गांव में सोमवार को जावा फूल सहायता समूह के डीलर का लाइसेंस रद्द करने को लेकर मुखिया सुकेश उरांव व ग्राम प्रधान बुदला उरांव की अगुवाई में आमसभा का आयोजन किया गया. आमसभा में अंचल कार्यालय भरनो से पर्यवेक्षक के रूप में ब्रजेश कुमार उपस्थित थे. आमसभा में मुखिया सुकेश उरांव ने बताया कि दो वर्ष पूर्व जावा फूल द्वारा राशन वितरण करने में अनियमितता बरतने को लेकर उक्त समूह को सस्पेंड किया गया था. यह समूह ही फर्जी है. समूह द्वारा राशन वितरण करने में हमेशा कटौती कर वितरण किया जाता है. समूह द्वारा खाद्य सुरक्षा अधिनियम का पालन भी नहीं किया जाता है. समूह द्वारा कमेटी में अपनी नजदीकी लोगों को रखा जाता है. इन अनियमितताओं के कारण ही दो वर्ष पूर्व में ग्रामीणों द्वारा अंचल कार्यालय में ज्ञापन सौंपा था. इसके आलोक में पूर्व अंचलाधिकारी संजीव कुमार द्वारा जांच पड़ताल कर जांच रिपोर्ट जिले को सौंपी थी. इसके आलोक में जावा सहायता समूह को सस्पेंड कर दिया गया था. इधर दिसंबर माह में फिर से जिला द्वारा जावा सहायता समूह को बहाल कर दिया गया. मौके पर ग्रामीणों ने जावा फूल सहायता समूह के जगह मारासिली पंचायत के किसी भी दूसरे सहायता समूह को लाइसेंस देने की मांग रखी. ग्रामीणों ने कहा कि अगर उक्त समूह को रद्द नहीं किया गया, तो सप्ताह भर के अंदर ब्लॉक का घेराव कर प्रदर्शन करेंगे. इधर जावा फूल सहायता समूह के अध्यक्ष संगीता उरांव व सचिव शांति उरांव ने बताया कि ग्रामीणों द्वारा कुछ लोगों के बहकावे में आकर जावा फूल सहायता समूह पर झूठा आरोप लगाया जा रहा है. जावा फूल समूह द्वारा मानक के मुताबिक राशन का वितरण किया जाता है. आमसभा में ग्राम प्रधान सुरेंद्र उरांव, बंधना उरांव, मंदीप महली, विश्वनाथ उरांव, शांति उरांव, लेदो बड़ाइक, बुधनाथ उरांव समेत कुसुमबहा, खटको, मारासिली, मोहगांव आदि गांवों के ग्रामीण उपस्थित थे.

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