पंचायत सचिवालय स्थानीय प्रशासन की रीढ़, इसे सक्रिय मोड में लायें : मंत्री

सर्किट हाउस में विभागीय पदाधिकारियों के साथ की बैठक

By Prabhat Khabar News Desk | February 20, 2025 9:54 PM

गुमला. ग्रामीण विकास विभाग, ग्रामीण कार्य विभाग व पंचायती राज विभाग मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने गुरुवार को गुमला जिले का दौरा किया. मौके पर मंत्री ने सर्किट हाउस गुमला में विभागीय पदाधिकारियों के साथ बैठक की. बैठक में मंत्री ने जिले में चल रही प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, मनरेगा, जलछाजन योजना, बेरोजगारी भत्ता योजना समेत विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये. मंत्री ने पंचायत सचिवालयों को पूरी तरह से सक्रिय मोड में लाने का निर्देश देते हुए कहा कि पंचायत सचिवालय प्रशासन की रीढ़ है, जिसे प्रभावी रूप से संचालित करना आवश्यक है. मंत्री ने पंचायत सचिवों को प्रतिदिन पंचायत सचिवालय में उपस्थित रहने व वहां सुचारू रूप से कार्य संचालन करने का निर्देश दिया. साथ ही सभी स्वयंसेवकों की भी पंचायत सचिवालय में अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित करने की बात कही, ताकि आम जनता को सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे पंचायत स्तर पर ही मिले और उन्हें बार-बार ब्लॉक कार्यालयों के चक्कर न लगाना पड़े. उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि पंचायत सचिवालयों में सभी सरकारी योजनाओं से संबंधित आवेदन पत्र उपलब्ध कराये जायें और जरूरतमंदों को इन फॉर्मों को भरने व सबमिट करने में पूरी सहायता दी जाये. मनरेगा योजना की समीक्षा में मंत्री ने अधिकारियों को अधिक से अधिक श्रमिकों को मनरेगा से जोड़ने व योजना के कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. बेरोजगारी भत्ता योजना की चर्चा में मंत्री ने अधिकारियों को योजना को सुचारु रूप से संचालित करने का निर्देश दिया. बैठक में डीआरडीए निदेशक विद्या भूषण, डीसीएलआर सह पंचायती राज पदाधिकारी राजीव कुमार, सदर एसडीओ राजीव नीरज, कार्यपालक अभियंता जिला परिषद, डीपीएम जेएसलपीएस शैलेंद्र जारिका, कार्यपालक अभियंता ग्रामीण विकास विभाग, डीपीओ मनरेगा, एडीएफ एलीना दास, एपीआरओ नेहा पाठक आदि मौजूद थे.

प्रोजेक्ट किशोरी मॉडल को राष्ट्रीय स्तर पर लागू करने की संभावनाओं को तलाशा जायेगा

बैठक के बाद मंत्री ने डुमरी प्रखंड का दौरा किया. उन्होंने प्रोजेक्ट किशोरी अंतर्गत संचालित सेनेटरी पैड निर्माण सेंटर का निरीक्षण किया. मंत्री ने इस परियोजना की सराहना करते हुए कहा कि गुमला जिले में निर्मित सेनेटरी पैड्स सबसे पतले सेनेटरी पैड्स में से एक है, जिनमें जेल टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है. इससे नमी का अनुभव नहीं होता. उन्होंने इस परियोजना को और अधिक सशक्त करने के लिए हरसंभव सहयोग देने की बात कही. मंत्री ने कहा कि गुमला जिले के प्रोजेक्ट किशोरी मॉडल को राष्ट्रीय स्तर पर लागू करने की संभावनाओं को तलाशा जायेगा. यह परियोजना महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि परियोजना की गुणवत्ता व उत्पादन क्षमता को और बेहतर बनाया जाये, ताकि यह अन्य क्षेत्रों के लिए भी प्रेरणादायक मॉडल बन सके.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है