पथरगामा प्रखंड क्षेत्र में पिछले पांच दिनों से हो रही लगातार बारिश से नदी, तालाब, पोखर एवं अन्य जलस्रोतों का जलस्तर बढ़ गया है. इससे किसानों और ग्रामीणों को काफी राहत मिली है. भीषण गर्मी और तपती धूप के कारण अधिकांश जलस्रोतों का जलस्तर काफी नीचे चला गया था, लेकिन हालिया वर्षा से उनमें फिर से पानी भरने लगा है. रविवार को भी क्षेत्र में रुक-रुक कर बारिश होती रही. इसके कारण प्रखंड के अधिकांश कुओं, चापाकलों, नदियों, तालाबों और पोखरों का जलस्तर बढ़ गया है. बढ़ते जलस्तर से ग्रामीणों को पेयजल और दैनिक उपयोग के लिए पानी की उपलब्धता में राहत मिली है, वहीं किसानों को भी कृषि कार्यों के लिए लाभ मिलने की उम्मीद जगी है. प्रखंड के मांछीटांड़ पोखर का जलस्तर भी उल्लेखनीय रूप से बढ़ा है. इसके बाद पोखर में ग्रामीणों ने स्नान, कपड़े धोने तथा मवेशियों को पानी पिलाने का कार्य फिर से शुरू कर दिया है. स्थानीय लोगों ने बताया कि रमड़ो, कसियातरी, मांछीटांड़, टेंगर, तेलनी, कोहबारा सहित आसपास के आधा दर्जन गांवों के लोग अपनी दैनिक आवश्यकताओं के लिए इस पोखर पर निर्भर हैं. उन्होंने बताया कि भीषण गर्मी के दौरान पोखर पूरी तरह सूखा नहीं था, लेकिन उसका जलस्तर काफी कम हो गया था. अब पानी बढ़ने से ग्रामीणों के चेहरों पर खुशी लौट आयी है. ग्रामीणों का कहना है कि जलस्तर बढ़ने से सिंचाई और पशुओं के लिए पानी की समस्या काफी हद तक कम हो गयी है. उनका मानना है कि यदि इसी प्रकार नियमित बारिश होती रही, तो प्रखंड क्षेत्र के सभी जलस्रोत पूरी तरह रिचार्ज हो जाएंगे और आने वाले दिनों में पानी की किल्लत से राहत मिलेगी.
लगातार बारिश से बढ़ा जलस्तर, किसानों और ग्रामीणों को मिली राहत
पथरगामा में पांच दिनों की लगातार बारिश से नदी और तालाबों का जलस्तर बढ़ा है, जिससे किसानों और ग्रामीणों को पेयजल व सिंचाई की समस्या से बड़ी राहत मिली है।

मांछीटांड तालाब की तस्वीर बारिश के बाद. | Prabhat Khabar Network