गिरिडीह. गणपति बप्पा मोरया के जयघोष से डुमरी प्रखंड का माहौल भक्तिमय हो गया है. गणेश चतुर्थी के अवसर पर प्रखंड के विभिन्न स्थानों पर भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित कर श्रद्धा और भक्ति भाव से पूजा-अर्चना की जा रही है. पूजा स्थलों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है और पूरा वातावरण गणपति बप्पा के जयकारों से गूंज रहा है.
प्रखंड के जामतारा और हेठटोला में गणपति पूजा को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है. दोनों स्थानों पर समितियों की ओर से कई वर्षों से गणपति उत्सव का आयोजन किया जा रहा है.
जामतारा में नौवीं बार हुई गणपति पूजा
जामतारा गणेश पूजा समिति की ओर से वनांचल चौक स्थित सार्वजनिक दुर्गा मंदिर परिसर में भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गयी. समिति की ओर से लगातार नौवें वर्ष गणेश पूजा का आयोजन किया जा रहा है.
ये भी पढ़ें: बेंगाबाद बाजार में मनमाने सफाई शुल्क के विरोध में दुकानदार एकजुट, 50 रुपये मासिक देने का फैसला
प्रतिमा स्थापना के बाद श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश के दर्शन कर पूजा-अर्चना की और सुख-शांति व समृद्धि की कामना की. पूजा को लेकर मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा गया.
समिति के अध्यक्ष मनोज अग्रवाल ने बताया कि पिछले नौ वर्षों से श्रद्धा और उत्साह के साथ गणपति पूजा का आयोजन किया जा रहा है. भगवान गणेश की आराधना कर क्षेत्र में सुख-शांति और समृद्धि की कामना की जाती है.
पूजा आयोजन को सफल बनाने में नकुल अग्रवाल, रोहित कुमार, राकेश कुमार, बबलू अग्रवाल समेत समिति के अन्य सदस्यों का सहयोग रहा.
हेठटोला में 14 वर्षों से निभायी जा रही परंपरा
हेठटोला में भी गणपति पूजा समिति की ओर से गणपति उत्सव का आयोजन किया गया है. यहां पिछले 14 वर्षों से लगातार गणपति पूजा की परंपरा निभायी जा रही है. इस वर्ष भी मिट्टी से निर्मित भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गयी.
श्रद्धालु भक्ति भाव से गणपति बप्पा की पूजा कर परिवार और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना कर रहे हैं. पूजा को सफल बनाने में सुभाष महतो, रवि मंडल, अनुराग मंडल, टिंकू महतो, किशोर महतो, किशोर मंडल, पंकज महतो, विकास महतो समेत कई लोग सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं.
समिति के सदस्यों और स्थानीय लोगों के सहयोग से पूजा स्थल पर आवश्यक व्यवस्था की गयी है. दोनों पूजा स्थलों पर आकर्षक प्रकाश व्यवस्था भी की गयी है, जिससे शाम के समय परिसर की रौनक बढ़ गयी है.
