मुख्य अतिथि ने कहा कि इस तरह के विशेष शिविरों में भाग लेने से छात्र-छात्राओं को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा और व्यक्तित्व को निखारने का सुनहरा अवसर मिलता है. इससे विद्यार्थियों में समाज सेवा और नेतृत्व (लीडरशिप) के गुणों का विकास होता है. उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सेवा का कार्य कभी रुकना नहीं चाहिए, बल्कि यह निरंतर चलते रहना चाहिए. वहीं, प्राचार्य डॉ संतोष कुमार लाल ने कहा कि इस सात दिवसीय शिविर का वास्तविक लाभ तब दिखेगा, जब इसके सकारात्मक परिणाम (आउटकम) समाज में नजर आयेंगे.
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले स्वयंसेवकों को किया गया सम्मानित
शिविर के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वयंसेवकों को सम्मानित किया गया. इनमें खिरोधर पंडित, कुलदीप कुमार, पुष्पा वर्मा, अंजनी कुमारी, रानी कुमारी और तनु श्री शामिल हैं. इस अवसर पर एनएसएस इकाई ने गोद लिये गये गांव के स्कूल के बच्चों के बीच कॉपी-पेंसिल का वितरण किया. कार्यक्रम पदाधिकारी के निर्देश पर सभी स्वयंसेवकों ने शिविर में जुटाये गये आंकड़ों और सर्वे रिपोर्ट के आधार पर एक ‘केस स्टडी’ तैयार करने का निर्णय लिया गया है. कार्यक्रम का संचालन असित दिवाकर व धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अरुण कुमार ने किया. इस मौके पर कॉलेज के सभी शिक्षक-शिक्षिका और शिक्षकेतर कर्मचारी उपस्थित थे.
