मझिआंव (गढ़वा): नगर पंचायत क्षेत्र के वार्ड नंबर-4 में करीब 23 लाख 80 हजार 200 रुपए की लागत से बनी नाली की गुणवत्ता पर सवाल उठाए गए हैं. वार्ड सदस्य गीता सिंह ने मामले में स्वतंत्र तकनीकी जांच कराने की मांग की है. उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता के साथ-साथ नाली के लेवल और जल निकासी की व्यवस्था की भी जांच कराने का आग्रह किया है. यह नाली मझिआंव-सुंडीपुर रोड पर मनोज सिंह के घर से जितेंद्र सिंह के घर के पास स्थित तीनमुहान तक करीब 900 फीट लंबी है. नाली का निर्माण तीन हिस्सों में किया गया है.
नाली में पानी जमा रहने की शिकायत
वार्ड सदस्य की ओर से की गई शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मनोज सिंह के घर से आयांश आइसक्रीम तक बनी नाली में करीब एक फीट पानी जमा रहता है. पानी आगे नहीं निकल पा रहा है. वहीं, आयांश आइसक्रीम से राधाकृष्ण गर्ल्स स्कूल के गेट के आगे तक नाली को निर्धारित लेवल से करीब एक फीट नीचे बना दिया गया है. शिकायत के अनुसार, नाली का लेवल नीचे होने के कारण आगे के हिस्से में जल निकासी प्रभावित हो रही है. इससे दुकानों के आसपास जलजमाव की स्थिति बन रही है.
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निर्माण सामग्री और आरसीसी स्लैब की जांच की मांग
वार्ड सदस्य गीता सिंह ने नाली निर्माण में इस्तेमाल किये गए सीमेंट, बालू और गिट्टी की मात्रा की जांच कराने की मांग की है. इसके अलावा सरिया की स्पेसिंग और बाइंडिंग तथा आरसीसी स्लैब की गुणवत्ता की भी तकनीकी जांच कराने का आग्रह किया गया है. उन्होंने कार्यपालक पदाधिकारी शैलेश कुमार से कनीय अभियंता के माध्यम से स्थल निरीक्षण और मापी कराने की मांग की है. साथ ही मेजरमेंट बुक की जांच कर निर्माण कार्य में किसी तरह की कमी मिलने पर सुधारात्मक कार्रवाई करने का आग्रह किया गया है.
जांच के बाद होगी कार्रवाई
इस संबंध में कार्यपालक पदाधिकारी शैलेश कुमार ने कहा कि उन्हें आवेदन प्राप्त हुआ है. मामले की जांच करायी जाएगी. गुणवत्ता की जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर न्यायोचित कार्रवाई की जाएगी.
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