East Singhbhum News : संस्कृति को बचाने का बेहतर प्रयास है बांग्ला जात्रा : सुनील

एदल गांव में बांग्ला जात्रा जोलछे चिता बाजछे सानाई का मंचन

हाता. हरगौरी पूजा पर राजनगर के एदल गांव में न्यू गौरांग ऑपेरा द्वारा डॉ तापस कुमार रचित बंगला जात्रा जोलछे चिता बाजछे सानाई का मंचन बीते रात को किया गया. इस जात्रा का विधिवत उद्घाटन क्षेत्र के जानेमाने साहित्यकार सुनील कुमार दे व भक्त शिल्पी कमलाकांती घोष ने किया. इस अवसर पर सुनील कुमार दे ने कहा कि बांगला जात्रा बांगला भाषा और संस्कृति को बचाने का एक अच्छा प्रयास है, जो सराहनीय है. सभी को अपनी भाषा, संस्कृति और धर्म पर गर्व करना चाहिये और इसकी रक्षा करनी चाहिये. बांगला जात्रा का प्रचलन काफी पुराना है. जात्रा में लोगों को शिक्षा मिलती है. जात्रा में निर्देशन अंग्शुमान साहू और राधा रमन दास ने किया व जात्रा का संचालन आनंद साहू और सुदीप मुखर्जी ने किया. जात्रा में संगीत का सुर मा सारदा ड्रेस हाउस पश्चिम बंगाल की ओर से किया गया. महिला चरित्र में रोल सारदा ड्रेस हाउस के कलाकारों ने किया. पुरुष चरित्र में गांव में राजकुमार साहू, अंग्शुमान साहू, राधा रमन दास आदि ने मुख्य भूमिका निभायी.

मौके पर स्थानीय जनप्रतिनिधि के अलावा मृणाल पाल, संजय साहू, शैलेन्द्र प्रामाणिक, प्रशांत दे, तरुण दे, दिलीप दे, अर्जुन मोदी, रामु साहू, पतित पावन दास, प्रवीर दास, मिथुन साहू,भास्कर दे,स्वपन दे आदि उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By ATUL PATHAK

ATUL PATHAK is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >