बड़ाजुड़ी : बेमौसम बारिश से किसान चिंतित

घाटशिला : तीन दिनों हो ही बारिश घाटशिला बड़ाजुड़ी के किसानों की चिंता और परेशानियां बढ़ गयी हैं. बड़ाजुड़ी के गोपाल बास्के, अनिल भकत, अजीत भकत, सोमनाथ साव, अमूल्यो भकत, श्याम सुंदर भकत और धनंजय भकत ने बताया कि धान काट कर खेत में रखा गया. बारिश के कारण धान में अंकुर फूटने की संभावना […]

घाटशिला : तीन दिनों हो ही बारिश घाटशिला बड़ाजुड़ी के किसानों की चिंता और परेशानियां बढ़ गयी हैं. बड़ाजुड़ी के गोपाल बास्के, अनिल भकत, अजीत भकत, सोमनाथ साव, अमूल्यो भकत, श्याम सुंदर भकत और धनंजय भकत ने बताया कि धान काट कर खेत में रखा गया. बारिश के कारण धान में अंकुर फूटने की संभावना है.

वहीं कई किसान धान काट कर घर ले आये थे. इससे धान भींग जाने से परेशानी बढ़ गयी है. धान पीटने में भी असुविधा हो रही है. बड़ाजुड़ी की खेत में काम कर रही भारती सिंह बताया कि धान काट खेत में ही छोड़ दिया था, लेकिन वर्षा से धान भींग गये. इससे परेशानी बढ़ गयी है. भींगे धान काे बिचड़े के रूप में भी इस्तेमाल नहीं कर सकते हैं. दामपाड़ा क्षेत्र के पुरुष और महिला किसान धान को बचाने के लिए मेढ़ पर जमा करने में जुटे हैं, ताकि धान किसी तरह भींगने से बच जाये. किसानों ने बताया कि धान के अलावा बारिश का असर सब्जियों की खेती पर भी पड़ है.

राज्य सरकार किसानों की करे क्षतिपूर्ति
घाटशिला के कांग्रेस नेता तापस चटर्जी ने बे-मौसम बारिश से किसानों को हो रही समस्याओं को देखते हुए राज्य सरकार से मुआवजा देने की मांग की है. बेमौसम बारिश से किसान चिंतित और परेशान हैं. उन्होंने राज्य सरकार से मांग की है कि किसानों को हो रही दिक्कतों के लिए फसल की क्षतिपूर्ति राशि मुहैया करायी जाय.
ताकि किसानों को कुछ लाभ हो सके. उन्होंने कहा कि किसानों ने बैंक से ऋण लेकर धान की फसल उगायी. मगर जब धान काटने का दिन आया तो बारिश होने लगी. इससे काटी गयी धान की फसल बर्बाद हो गयी है.

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