दुमका : जिला परिषद बोर्ड की मासिक बैठक सोमवार को चेयरपर्सन जॉयस बेसरा की अध्यक्षता में हुई. जिसमें दुमका जिले में लघु खनिजों के दोहन पर चिंता जतायी गयी. पत्थर और बालू के अवैध उत्खनन तथा परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए सभी सीमावर्ती क्षेत्रों में चेक पोस्ट तथा सीसीटीवी के सर्विलांस में चेकपोस्ट व […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
दुमका : जिला परिषद बोर्ड की मासिक बैठक सोमवार को चेयरपर्सन जॉयस बेसरा की अध्यक्षता में हुई. जिसमें दुमका जिले में लघु खनिजों के दोहन पर चिंता जतायी गयी. पत्थर और बालू के अवैध उत्खनन तथा परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए सभी सीमावर्ती क्षेत्रों में चेक पोस्ट तथा सीसीटीवी के सर्विलांस में चेकपोस्ट व मार्ग को लाने पर बल दिया गया.
पूरी प्रणाली को ऑनलाइन रखे जाने के भी प्रस्ताव को मंजूरी दी गयी. एक अन्य प्रस्ताव पारित करते हुए कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में नामांकन को लेकर बरती गयी अनियमितता को लेकर भी निर्णय लिए गये. व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए ठोस कदम उठाने को कहा गया. गर्मी के मौसम में पेयजल की किल्लत की संभावना तथा समस्याओं को लेकर संबंधित विभाग को अलर्ट मेड पर रहकर कार्य करने को कहा गया. खराब चापानलों को युद्ध स्तर पर ठीक कराने तथा प्रत्येक प्रखंड में दो-दो चलंत वाहन व गैंगमैन की व्यवस्था रखने को भी कहा गया. बैठक में पदाधिकारियों की अनुपस्थिति पर जन प्रतिनिधियों ने रोष जताया तथा प्रतिनिधि भेजने की परंपरा खत्म करने को कहा गया.
बैठक में विभिन्न विभाग के पदाधिकारी थे मौजूद : बैठक में अध्यक्ष जॉयस बेसरा, उपाध्यक्ष असीम मंडल, उप विकास आयुक्त सह मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी शशि रंजन, जिला पंचायती राज पदाधिकारी शिवनारायण यादव, जिला खनन पदधिकारी दिलीप कुमार तांती, जिला अभियंता नत्थू राम, एनआरईपी के कार्यपालक अभिसयंता सनत सोरेन, जिला परिषद् सदस्य चंद्रशेखर यादव, जयप्रकाश मंडल, निर्मला टुडू, वसंती मुर्मू, लुखीराम टुडू, संगीता देवी, राधेश्याम सिंह, सुरेश मुर्मू, दिलीप हेंब्रम आदि मौजूद थे.
साइंस सिटी के नक्शे को किया गया अनुमोदित
दुमका में बन रहे तारामंडल अर्थात साइंस सिटी के नक्शे के अनुमोदन के साथ-साथ इस बैठक में परिषद् के डाक बंगले में डीडीसी के लिए आवास बनवाने, नवनिर्मित दुकान, जिन्हें दुकानदारों छोड़ दिया गया है, उन दुकानों के नये सिरे से डाक, शिकारीपाड़ा व जरमुंडी में बने विवाह भवन के डाक, दुर्गास्थान के पास स्थित जमीन में निर्माण कर आंतरिक स्त्रोत को बढ़ाने, पुराने सामान को नीलाम करने तथा बरमसिया-रघुनाथपुर पथ के चौढ़ीकरण परियोजना के तहत भू-अर्जन के अधियाचना प्रस्ताव पर भी विचार-विमर्श किया गया.