रानीश्वर : शून्य ड्राॅप आउट गोविंदपुर पंचायत के विभिन्न स्कूलों का हाल बेहाल है़ कुछ माह पूर्व गोविंदपुर पंचायत में समारोह आयोजित कर शून्य ड्राॅप आउट पंचायत घोषित किया गया था़ उस समय शिक्षा विभाग के अधिकारी, जनप्रतिनिधि व शिक्षक उपस्थित होकर स्कूल से बाहर एक भी बच्चा नहीं रहने, स्कूलों में शत प्रतिशत बच्चों का ठहराव का संकल्प लिया था़
मगर शून्य ड्राॅप आउट घोषित होने के बाद पंचायत के स्कूलों की स्थिति ठीक नहीं है़ पंचायत के एक उत्क्रमित मध्य विद्यालय आमजोड़ा की स्थिति काफी दयनीय है़ यहां वर्ग प्रथम से अष्टम तक कक्षा है़ बदले में एकमात्र पारा शिक्षक है़ं आमजोड़ा में दो सरकारी शिक्षकों के पद सृजित है़ं दोनों ही पद रिक्त है़ं तीन पारा शिक्षकों में एक की सरकार नौकरी हो जाने के बाद वह स्कूल छोड़ कर चले गये है़ं
दूसरे शिक्षक सेवानिवृत्त हो चुके है़ं वर्तमान में एक ही पारा शिक्षक विश्वनाथ कर्मकार पदस्थापित है़ं स्कूल में 115 बच्चे नामांकित है़ं शिक्षक के अभाव में बच्चों की उपस्थिति पचास प्रतिशत से भी कम है़ शिक्षक की कमी के कारण अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने में आनाकानी करते हैं. बच्चों का कहना है कि स्कूल में पढ़ाई नहीं होती है़ पारा शिक्षक विश्वनाथ कर्मकार का कहना है कि एक शिक्षक से आठ कक्षा संचालित कर पाना असंभव है़ अंचल टू के प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी श्यामसुंदर प्रसाद का कहना है कि सरकारी शिक्षकों की संख्या बहुत ही कम है़ इसलिए दूसरे स्कूल से यहां शिक्षक प्रतिनियुक्त किया जाना संभव नहीं हो पा रहा है़
