दुमका : पाकुड़ के एसपी अमरजीत बलिहार के हत्याकांड मामले में दुमका के चतुर्थ जिला व सत्र न्यायाधीश एसएन मिश्रा की अदालत में सोमवार को पांच पुलिसकर्मियों की गवाही हुई. इनमें हवलदार सच्चिदानंद मिश्र, सहायक अवर निरीक्षक महेंद्र प्रसाद सिंह, सिपाही इंद्रदेव मंडल, अमड़ापाड़ा के तत्कालीन थाना प्रभारी वेनेडिक्ट मरांडी तथा स्व बलिहार के अंगरक्षक […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
दुमका : पाकुड़ के एसपी अमरजीत बलिहार के हत्याकांड मामले में दुमका के चतुर्थ जिला व सत्र न्यायाधीश एसएन मिश्रा की अदालत में सोमवार को पांच पुलिसकर्मियों की गवाही हुई. इनमें हवलदार सच्चिदानंद मिश्र, सहायक अवर निरीक्षक महेंद्र प्रसाद सिंह, सिपाही इंद्रदेव मंडल, अमड़ापाड़ा के तत्कालीन थाना प्रभारी वेनेडिक्ट मरांडी तथा स्व बलिहार के अंगरक्षक लेविनियस मरांडी शामिल थे.
इन पुलिसकर्मियों ने अपनी गवाही घटना को लेकर जानकारी दी तथा कांड में संलिप्त नक्सलियों की पहचान भी की. न्यायालय में इस गवाही के दौरान विभिन्न कांडों में गिरफ्तार किये गये. इस कांड के अभियुक्त बनाये गये नक्सली वकील हेंब्रम, सतन बेसरा, प्रवीर मुर्मू, मानवेल मुर्मू एवं शिवनंदन मोहली शामिल थे. अभियोजन की ओर से सहायक लोक अभियोजक सुरेंद्र कुमार सिन्हा तथा बचाव के अधिवक़्ता एनके गोस्वामी और अवधेश सिंह न्यायालय में उपस्थित थे. उल्लेखनीय है कि इस केस के जल्द निबटारा करने के लिए सुप्रीम कोर्ट से भी दिशा निर्देश जारी किये गये हैं.
एसपी समेत छह पुलिसकर्मी हो गये थे शहीद
पाकुड़ एसपी अमरजीत बलिहार समेत छह पुलिसकर्मियों की हत्या नक्सलियों ने दो जुलाई 2013 को दुमका जिले के काठीकुंड थाना क्षेत्र के अमतल्ला गांव के पास उस वक्त कर दी थी. जब वे डीआइजी कार्यालय में बैठक कर वापस पाकुड़ लौट रहे थे. एसपी बलिहार के साथ उनके ड्राइवर, सिक्युरिटी गार्ड समेत छह की नक्सलियों ने हत्या कर दी थी. उन सबों के हथियार और तकरीबन पांच सौ राउंड कारतूस लूट लिये गये थे. नक्सलियों ने बलिहार के साथ-साथ उनके अंगरक्षकों पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसायी थी. सोमवार को नक्सलियों को जब कोर्ट में गवाही के लिए लाया गया, तब कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रखी गयी थी. दोनों डीएसपी भी मौजूद थे.