Dhanbad News : कांड्रा से बैंकमोड़ इलाके को जोड़ने वाली लाइन की आज होगी टेस्टिंग,

चार पीएसएस से सप्लाई रहेगी बंद, राजगंज, धैया, नावाडीह व कशियाटांड़ा पीएसएस के साथ मेमको फीडर से विद्युत आपूर्ति रहेगी बाधित

गोविंदपुर के कांड्री ग्रिड से बैंकमोड़ इलाके को जोड़ने के लिए बिछायी गयी नयी लाइन की टेस्टिंग रविवार को होगी. इसके लिए जेबीवीएनएल ने चार सबस्टेशन व एक फीडर से चार घंटे बिजली कटौती की घोषणा की है. जेबीवीएनएल के अधिकारियों के अनुसार टेस्टिंग कार्य को लेकर राजगंज, धैया, नावाडीह व कशियाटांड़ सबस्टेशन से सुबह के नौ बजे से लेकर दोपहर एक बजे तक बिजली सप्लाई बंद रहेगी. साथ ही मेमको फीडर से विद्युत आपूर्ति भी बधित रहेगी.

गाेधर व जोड़ाफटक पीएसएस को कांड्रा से मिलने लगेगी बिजली :

जेबीवीएनएल, धनबाद एरिया बोर्ड अंतर्गत बैंकमोड़, पुराना बाजार, मटकुरिया से लेकर केंदुआ और करकेंद तक के इलाके गोविंदपुर के इलाकों में गोधर व जोड़ाफाटक रोड स्थित सबस्टेशन से बिजली सप्लाई की जाती है. इन दोनों सबस्टेशन को कांड्रा से जोड़ने के लिए नयी 33 केवीए अंडरग्राउंड लाइन बिछायी गयी है. गोधर व जोड़ाफाटक रोड स्थित सबस्टेशन को कांड्रा ग्रिड से जोड़ने की मांग काफी दिनों से हो रही है.

नावाडीह से गोधर व जोड़ाफाटक पीएसएस तक पहुंचेगी ग्रिड की बिजली :

जेबीवीएनएल के अधिकारियों के अनुसार नावाडीह से भूली, गोधर व जोड़ाफाटक रोड स्थित सबस्टेशन इंटर कनेक्टेड है. इस वजह से नावाडीह सबस्टेशन को कांड्रा की बिजली से जोड़ने का कार्य शुरू किया गया है. नावाडीह तक ग्रिड की बिजली पहुंचते ही अन्य सभी सबस्टेशन तक जरूरत के अनुसार बिजली सप्लाई करने का रास्ता साफ हो जायेगा. बता दें कि हाल के दिनों में गोविंदपुर स्थित कांड्रा ग्रिड की क्षमता बढ़कर 160 मेगावाट कर दी गयी है. पूर्व में इसकी क्षमता 80 मेगावाट थी. ग्रिड से 50 से 60 मेगावाट बिजली ही सप्लाई की जाती थी. इससे गोविंदपुर, बरवाअड्डा के इलाकों के साथ आमाघाटा, कुसुम विहार, सरायढेला, हीरापुर, हाउसिंग कॉलोनी, धैया आदि सबस्टेशन में बिजली मिलती है. ग्रिड की क्षमता बढ़ने के बाद जेबीवीएनएल के अधिकारियों ने शहर के छूटे हुए इलाकों को ग्रिड की बिजली से जोड़ने की योजना बनायी है.

बिजली सप्लाई के लिए मिलेगा दूसरा सोर्स, डीवीसी पर निर्भरता होगी कम :

वर्तमान में गोधर व जोड़ाफटक रोड स्थित सब स्टेशन को डीवीसी पुटकी द्वारा बिजली आपूर्ति की जाती है. कांड्रा ग्रिड से जुड़ने के साथ इन दोनों सब स्टेशन के पास बिजली सप्लाई के लिए दो विकल्प उपलब्ध होंगे. इससे संबंधित इलाकों में बिजली समस्या कम होगी. वहीं डीवीसी पर निर्भरता भी कम हो जायेगी. डीवीसी के ग्रिड में ब्रेकडाउन होने पर कांड्रा ग्रिड की बिजली लेकर प्रभावित इलाकों में सप्लाई की जायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >