पुटकी, मुनीडीह कोल वाशरी हादसे में जान गंवाने वाले चार दिहाड़ी मजदूरों के आश्रितों को राहत देते हुए डब्ल्यूजे एरिया प्रबंधन ने नौ जून तक मुआवजे की पहली किस्त के रूप में 10-10 लाख रुपये देने की घोषणा की. वहीं दूसरी किस्त के रूप में 10-10 लाख रुपये का भुगतान पांच सितंबर तक किया जाएगा. मुआवजा भुगतान की घोषणा के साथ ही संयुक्त मोर्चा का धरना व आंदोलन की घोषणा समाप्त हो गया. शुक्रवार को मुनीडीह प्रोजेक्ट के कॉन्फ्रेंस हॉल में आयोजित वार्ता में जीएम वी विजय कुमार ने संयुक्त मोर्चा के प्रतिनिधियों और पीड़ित परिवारों की मौजूदगी में मुआवजा राशि व भुगतान की तिथि की घोषणा की. इस दौरान जीएम और बीडीओ-सह-सीओ विकास आनंद ने संयुक्त रूप से दो महिला एवं दो पुरुष आश्रितों को निजी ठेका कंपनी के अधीन रोजगार उपलब्ध कराने संबंधी लिखित पत्र भी सौंपा. जीएम ने बताया कि आश्रितों को निजी ठेका कंपनी सैप सिंकिंग एंड माइंस डेवलपमेंट में नियोजित किया जाएगा. उन्हें सरफेस कार्य, एचपीसी वेतनमान, बच्चों के लिए डीएवी स्कूल में नि:शुल्क शिक्षा तथा चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी. प्रबंधन के आग्रह और मुआवजा संबंधी घोषणा के बाद संयुक्त मोर्चा ने अपना आंदोलन वापस ले लिया. गौरतलब है कि मोर्चा ने शुक्रवार की शाम मशाल जुलूस निकालने व छह जून से चक्का जाम आंदोलन शुरू करने की घोषणा की थी. वार्ता में एजीएम एसके पांजा, एपीएम वर्षा कुमारी, संयुक्त मोर्चा के रमेश सिंह, सुधीर सिंह, प्रीतम रवानी, राजकुमार पांडे, विद्या प्रकाश पांडेय, संजीवन चौहान, चक्रधर महतो, सुखलाल महतो, संजय कुमार सिंह, बिजय पासवान, छोटू दास, बिनोद सिन्हा, राजकुमार नापित, छोटू सिंह, रामकुमार महतो, पंकज महतो, श्रीमंत बाउरी, राखल दास, रितेश सिंह आदि उपस्थित थे. विदित हो कि दो मई को मुनीडीह कोल वाशरी में स्लरी लोडिंग के दौरान मलबे में दबने से चार दिहाड़ी मजदूरों की मौत मौके पर ही हो गयी थी.
Dhanbad News: आश्रितों को मिलेगा मुआवजा, संयुक्त मोर्चा का आंदोलन समाप्त
Dhanbad News:जीएम के साथ संयुक्त मोर्चा के प्रतिनिधियों व पीड़ित परिवारों में हुई वार्ता, स्लरी लोडिंग के दौरान मलबे में दबने से चार दिहाड़ी मजदूरों की हुई थी मौत.
