चितरा. चितरा कोलियरी प्रक्षेत्र स्थित दुखिया बाबा मंदिर प्रांगण में आयोजित नौ दिवसीय श्री श्री 1008 महाविष्णु यज्ञ सह मेला का समापन गुरुवार को श्रद्धा, भक्ति और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हो गया. गुरुवारी की रात्रि में आयोजित कृष्ण लीला, भजन संध्या और धार्मिक झांकियों ने भक्तों को आध्यात्मिक आनंद से सराबोर कर दिया. मेले के दौरान सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सक्रिय रहा. मुख्य पंडाल में वृंदावन धाम से आई कृष्ण लीला मंडली ने श्रीकृष्ण और सुदामा की अमर मित्रता का मार्मिक मंचन प्रस्तुत किया. कलाकारों ने गुरुकुल जीवन, बाल सखाओं की मधुर स्मृतियों, सुदामा की गरीबी और द्वारका में भावुक मिलन के प्रसंगों को जीवंत रूप से दर्शाया. सुदामा की दयनीय स्थिति और श्रीकृष्ण द्वारा सम्मानपूर्वक स्वागत का दृश्य देखकर श्रद्धालु भावुक हो उठे. कृष्ण द्वारा सुदामा के चरण धोने और चावल स्वीकार करने की लीला ने मन मोह लिया. कलाकारों के प्रभावशाली अभिनय पर श्रद्धालुओं ने तालियों से उत्साहवर्धन किया. इसके बाद भजन संध्या में कृष्णा बृजवासी ने गणेश वंदना सहित कई भजनों की प्रस्तुति दी, वहीं सोनम शर्मा के भजनों ने भी श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध किया. हिरण्यकश्यप वध की झांकी आकर्षण रही. संचालन राजेश राय ने किया. शुक्रवार को कुंज भंग के साथ अखंड हरिनाम संकीर्तन का समापन हुआ तथा महाप्रसाद वितरण किया गया.
सुदामा-कृष्ण मित्रता की लीला से भावुक हुए श्रद्धालु
चितरा: चितरा में गूंजा हरिनाम संकीर्तन और भक्ति गीत
