विधि संवादादता, देवघर. जिला उपभोक्ता संरक्षण फोरम में दाखिल वाद की सुनवाई के बाद विपक्षियों की सेवा में त्रुटि पाकर 32. 37 लाख रुपये हर्जाना के तौर पर वादी जूली राय को मुहैया कराने का आदेश दिया. यह आदेश उपभोक्ता फोरम के अध्यक्ष राजेश कुमार और सदस्य सुचित्रा झा की संयुक्त बेंच ने सुनाया. यह मुकदमा जसीडीह थाना के घाेरलास गांव की रहने वाली जूली राय ने 15 दिसंबर 2021 को दाखिल किया था, जिसमें एचडीएफसीइआरजीओ जेनरल इंश्योरेंश कंपनी मुंबई और ऋण मुहैया कराने वाली फाइनांस कंपनी को विपक्षी बनाया गया था. दर्ज मुकदमा के अनुसार वादी के पति प्राइवेट कंपनी में इंजीनियर के तौर पर कार्य कर रहे थे और भवन निर्माण के लिये लोन लिया था. ऋण की अवधि में बीमा भी कराया था. कोविड के दौरान उसकी मौत हो गयी. फोरम ने इसे गंभीर बीमारी की श्रेणी में माना व मुआवजा के तौर पर उपरोक्त राशि देने का आदेश दिया. इसमें बीमित राशि के अलावा क्षतिपूर्ति राशि 50 हजार व मुकदमा खर्च के तौर पर 20 हजार रुपये भी शामिल है. फोरम ने आदेश दिया है कि ऋण की राशि समायोजित के बाद जो राशि बचेगी, वह वादी को देय होगी.
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