चाईबासा. समाहरणालय सभागार में डीसी कुलदीप चौधरी की अध्यक्षता में सेल के पदाधिकारी व जामकुंडिया गांव के रैयतों की बैठक हुई. बैठक में उपायुक्त ने लौह अयस्क खान के बहते लाल पानी, मिट्टी व कंकड़ से जामकुंडिया गांव की कृषि योग्य भूमि के बंजर होने के मामले में सेल के पदाधिकारियों से वर्तमान में सीएसआर के तहत संचालित कार्यों के बारे में बिंदुवार जानकारी ली. डीसी ने निर्देश दिया कि अबतक संपादित गतिविधियों की विस्तृत जानकारी जिला कार्यालय में उपलब्ध कराएं.
रोजगारपरक कार्यों के लिए प्रभावित रैयतों के साथ बैठक करें
बैठक में डीसी ने जगन्नाथपुर एसडीओ को प्रभावित रैयतों एवं सेल के पदाधिकारियों की उपस्थिति में विकासात्मक व रोजगारपरक कार्यों के लिए बैठक करने की बात कही. साथ ही बैठक में सेल के पदाधिकारियों को खदान से निकलने वाले लाल पानी, मिट्टी एवं डस्ट का प्रवाह खेतों व जलस्रोतों में ना हो, इस पर प्रभावी रूप से रोक लगाने का निर्देश दिया. वहीं जिला कृषि पदाधिकारी को प्रभावित रैयत की जमीन एवं आसपास के खेतों की मिट्टी का जांच करवाते हुए सात दिनों के भीतर जांच रिपोर्ट देने का निर्देश दिया. साथ ही जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी एवं जिला उद्यान पदाधिकारी को विभाग के माध्यम से संचालित सरकारी योजनाओं का लाभ संबंधित गांव के लोगों को उपलब्ध कराने, जेएसएलपीएस के जिला कार्यक्रम प्रबंधक को उक्त क्षेत्र की महिलाओं को जीवकोपार्जन, स्वरोजगार समेत लाइवलीहुड के अन्य कार्यक्रमों से जोड़ने की बात कही.
सीएसआर से उपलब्ध कराएं मूलभूत सुविधा
पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता को संबंधित गांव में पेयजल के लिए उपलब्ध जल स्रोतों का अवलोकन व आवश्यकतानुसार नये जलस्रोत के निर्माण से संबंधित प्रतिवेदन उपलब्ध कराने व सेल के पदाधिकारी एवं रैयतों को आपसी समन्वय स्थापित कर संबंधित ग्राम में जीवन यापन के लिए आधारभूत एवं मूलभूत सुविधाओं का आकलन करने की बात कही. संबंधित आवश्यकताओं को सीएसआर के माध्यम से पूरा करते हुए ग्रामीणों को लाभान्वित करने का भी निर्देश दिया गया.
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