Bokaro News : राज्यपाल पहुंचे चास, रामरुद्र मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय में विद्यार्थियों के साथ किया संवाद
संवाददाता, बोकारो. शिक्षा का अर्थ सिर्फ ज्ञानार्जन नहीं होता है, बल्कि शिक्षा के अंतर्गत निर्णय लेने की क्षमता भी आती है. स्कूल में यही सिखाया जाता है. समय पाबंद, अनुशासन व निरंतरता सफलता की कुंजी है. ये बातें राज्यपाल संतोष गंगवार ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कही. राज्यपाल श्री गंगवार शुक्रवार को चास स्थित रामरुद्र मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय पहुंचे. विद्यार्थियों के साथ संवाद स्थापित किया. इससे पहले डीसी अजयनाथ झा ने पुष्पगुच्छ देकर राज्यपाल का स्वागत किया.सपना वो होता है, जो सोने नहीं दे :
राज्यपाल श्री गंगवार ने कहा : हमेशा बड़ा सपना देखें. सपना का मतलब वह नहीं, जो सोने के बाद देखा जाये. सपना वह होना चाहिए, जो सोने नहीं दे. कभी खुद को या संसाधन को छोटा नहीं समझें. आत्मविश्वास रखें. आत्मविश्वास से मुश्किल परिस्थिति में भी सफलता प्राप्त की जा सकती है.विद्यार्थी हैं विकसित भारत की नींव :
राज्यपाल श्री गंगवार ने कहा : विद्यार्थी विकसित भारत की नींव हैं. विश्वास रखें, सफलता मिलेगी ही मिलेगी. श्री गंगवार ने कहा : जीवन में समस्या आती है, लेकिन समस्या से घबराने की जरूरत नहीं है. अगर लक्ष्य में रूचि है, तो तमाम समस्या खत्म हो जायेगी. अवसर बनेंगे. राज्यपाल ने बच्चों को यकीन दिलाया कि अगर पढ़ाई संबंधित या कोई अन्य समस्या हो तो सीधे पत्र लिखकर मुझसे संपर्क किया जा सकता है.मां के आशीर्वाद से यहां तक पहुंचा :
राज्यपाल ने संबोधन के दौरान अपने बचपन के संघर्ष को बताया. श्री गंगवार ने बताया कि महज जब उनकी उम्र महज दो साल की थी, तो उनके पिता का निधन हो गया था. जीवन का कष्ट कैसे काटे यह बताया नहीं जा सकता है. ग्रामीण क्षेत्र में निवास होने के कारण कई कठिनाई सामने आयीं, लेकिन, मां के आशीर्वाद व सहयोग से कभी हिम्मत नहीं हारा. आज मां के आशीर्वाद के कारण ही यहां तक पहुंचा.प्रथम स्थान से अधिक मायने रखता है मेहनत :
राज्यपाल श्री गंगवार ने कहा : विद्यार्थी प्रगति करें, राज्य का नाम रोशन करें. स्कूली जीवन ही दिशा देता है. श्री गंगवार ने स्पष्ट किया कि प्रथम स्थान मायने नहीं रखता, प्रथम स्थान एक को ही मिलता है. मायने रखता है मेहनत. इस मेहनत से ही जीवन में सफलता मिलती है. श्री गंगवार ने बोकारो में उच्च शिक्षा की स्थिति अच्छी नहीं होने पर चिंता जतायी.बच्चों ने किये सवाल
सवाल 01 – (स्नेहा कुमारी, क्लास 10) : लक्ष्य प्राप्त करने के लिए क्या कर सकते हैं? जवाब : अच्छी पढ़ाई किजिये. लक्ष्य आपको तय करना है. पढ़ाई के क्षेत्र में बहुत परिवर्तन हुआ है. जिस बच्चे को अच्छी सुविधा मिल रही है, उसके अभिभावक भी अच्छे पढ़ाई की चिंता करते हैं. राज्यपाल ने कहा : नौकरी लेने वाले नहीं, बल्कि नौकरी देने वाले बने. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी इसी बात पर अमल करने की बात करते हैं.सवाल 02 – (राणा प्रताप, क्लास 09) : डेमोक्रेसी व्यवस्था को आप किस तरीके से देखते हैं?
जवाब : भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था दुनिया में पसंद किया जाता है. जिस तरीके से भारत का लोकतंत्र गतिमान है, उसकी तारीफ दुनिया करती है. इस पर हमें गर्व है. बड़ी जनसंख्या होने के बाद भी यह मजबूत बना हुआ है. आजादी के बाद से अब तक सभी सरकार ने इसकी मजबूती के लिए काम किया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लोकतंत्र मजबूत हो रहा है. भारत का लोकतंत्र पुरी दुनिया को दिशा दे रहा है.सवाल 03 – (किशन कुमार, क्लास 10) : आपने सभी राज्य का भ्रमण किया होगा, वर्तमान में किस सामाजिक मुद्दे पर ध्यान देने की जरूरत है?
जवाब : आप क्लास 10 में पढ़ते हो. यह सब निर्भर करता है कि आप कैसे अंक प्राप्त करते हैं. यह समय पढ़ाई का है. इसके अलावा अगर आप कुछ करते हैं, तो यह अन्याय है. प्रारंभिक समय में पढ़ाई जरूरी है. राज्यपाल ने इस संबंध में अपने लंदन दौरा का जिक्र किया. उन्होंने बताया कि लंदन में उन्होंने वहां की प्रगति का राज जानने का प्रयास किया. वहां सलाह मिली कि यहां प्राइमरी एजुकेशन बहुत अच्छा है. 250 साल पुराना प्रेप स्कूल भी बहुत अच्छा था. राज्यपाल ने पीएम नरेंद्र मोदी के परीक्षा पर चर्चा की बात करते हुए कहा कि इसे बच्चे सुनना चाहते हैं. उन्होंने कहा : खराब बात करने वाले बहुत मिलेंगे. अच्छी पढ़ाई करें, मोबाइल से दूर रहें.