चतरोचट्टी के एक और प्रवासी श्रमिक की मौत, बुझ गया घर का चिराग, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

Death of Another Migrant Labour Chatrochatti: बोकारो जिले के गोमिया प्रखंड अंतर्गत चतरोचट्टी पंचायत के एक और प्रवासी श्रमिक की मौत हो गयी है. नौकरी करने के लिए महाराष्ट्र के नागपुर गये गोमिया के रवि की सड़क दुर्घटना में मौत हो गयी. शनिवार को जैसे ही उसका शव पहुंचा, गांव में मातमी सन्नाटा पसर गया. मां का रो-रोकर बुरा हाल था. वह बार-बार बेहोश हो रही थी.

Death of Another Migrant Labour| ललपनिया (बोकारो), नागेश्वर : बोकारो जिले के गोमिया प्रखंड के चतरोचट्टी पंचायत का एक युवक कमाने के लिए महाराष्ट्र के नागपुर गया था. सड़क दुर्घटना में उसकी मौत हो गयी. शव जैसे ही गांव पहुंचा, चीख-पुकार मच गयी. गांव में मातम पसर गया. मृतक का नाम रवि कुमार (19) है. वह मंगरो गांव का रहने वाला था. घर के इकलौते बेटे का शव शनिवार को नागपुर से जैसे ही गांव में पहुंचा, पूरे गांव में मातमी सन्नाटा सर गया.

बहनों से राखी बंधवाकर नागपुर गया था रवि

रवि की मां बार-बार बेहोश हो रही थी. मृतक की मां की हालत देख पूरा गांव रो पड़ा. क्या महिला, क्या पुरुष, क्या बच्चे, क्या बुजुर्ग, सभी की आंखों में आंसू थे. रवि कुमार रक्षा बंधन पर राखी बंधवाने के लिए घर आया था. उसकी 3 बहनें हैं. रक्षा सूत्र बंधवाकर 3 दिन पहले ही वह काम करने के लिए नागपुर गया था.

मुखिया ने बीडीओ को दी प्रवासी श्रमिक की मौत की सूचना

सड़क दुर्घटना में रवि गंभीर रूप से घायल हो गया. इलाज के दौरान गुरुवार को उसकी मौत हो गयी. स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अंत्यपरीक्षण कराकर उसके साथ में रहे लोगों को सौंप दिया गया. घटना की सूचना पंचायत के मुखिया महादेव महतो ने प्रखंड विकास पदाधिकारी महादेव कुमार महतो को दी. मुखिया ने बीडीओ से परिवार की सहायता करने का आग्रह किया.

झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

बीडीओ ने श्रम विभाग से मुआवजा दिलाने की बात कही

बीडीओ ने इस सबंध में श्रम विभाग के संबंधित अधिकारी को सूचना दी. कहा कि श्रम विभाग से मिलने वाला मुआवजा परिवार को दिलाया जाये. मृतक के पिता कौलेश्वर महतो का वर्ष 2017 में वज्रपात से निधन हो गया था.

मुखिया बोले- गांवों के युवा रोजगार के लिए कर रहे पलायन

पंचायत के मुखिया महादेव महतो ने कहा कि नक्सल और सुदूरवर्ती गांवों से विशेष कर ग्रामीण क्षेत्रों से युवा रोजगार के अभाव में पलायन कर रहे हैं. सरकार और जिला प्रशासन इस दिशा में चिंतन कर क्षेत्र में रोजगार के अवसर प्रदान करने की मांग की.

इसे भी पढ़ें : रामदयाल मुंडा का सपना अधूरा, 32 जनजातियों का साझा सांस्कृतिक स्थल आज भी उपेक्षित

Death of Another Migrant Labour: झारखंड के मंत्री ने युवक की मौत पर शोक जताया

झारखंड के पेयजल स्वच्छता सह उत्पाद मद्य निषेध मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि श्रम विभाग झारखंड सरकार के द्वारा मृतक के आश्रित परिवार को दुर्घटना पर आपदा प्रबंधन के द्वारा मुआवजा दिलाने की बात कही.

इसे भी पढ़ें : झारखंड में 30 तक बारिश से राहत नहीं, कई जिलों में IMD का अलर्ट

महाराष्ट्र में सह-चालक का काम करता था रवि

मृतक महाराष्ट्र में सह-चालक का काम करता था. वाहन के मालिक ने शव को नागपुर से उसके गांव तक भेजने की व्यवस्था की. साथ ही अंतिम संस्कार के लिए 50 हजार रुपए आर्थिक मदद दी. इतना ही नहीं, इंश्योरेंस से मिलने वाली राशि भी रवि के परिवार को दिलाने की बात वाहन मालिक ने कही है.

इसे भी पढ़ें

झारखंड में भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, खरसावां में 5 साल की बच्ची की मौत, खूंटी में नदियां उफान पर

बंद पड़े पत्थर खदान की झाड़ी में मिले शव की पहचान पुलिस जवान के रूप में हुई

एंटी लैंड माइंस ह्विकल में गैंगस्टर मयंक सिंह की रामगढ़ कोर्ट में हुई पेशी, 50 से अधिक केस हैं दर्ज

रांची में नकली शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़, 5 आरोपी गिरफ्तार

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >