कसमार, एमडीए-2026 कार्यक्रम के तहत गुरुवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कसमार की ओर से फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर व्यापक अभियान चलाया गया. इस क्रम में प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न सरकारी कार्यालयों, पुलिस थाना, बैंकों, जेएसएलपीएस कार्यालयों तथा प्रखंड मुख्यालय स्थित आवासों में जाकर दवा प्रशासकों ने संबंधित पदाधिकारियों एवं कर्मियों को फाइलेरिया रोधी दवा की एकल खुराक खिलायी. कसमार के अंचलाधिकारी नागेंद्र कुमार सिंह को भी उनके आवास पर पहुंचकर दवा प्रशासकों ने डीइसी एवं एल्बेंडाजोल की खुराक दी. इस अवसर पर अंचलाधिकारी ने फाइलेरिया को गंभीर और लाइलाज बीमारी बताते हुए कहा कि एक बार यह रोग हो जाने पर व्यक्ति को जीवनभर शारीरिक, मानसिक और सामाजिक परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. उन्होंने कहा कि फाइलेरिया से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय एमडीए कार्यक्रम के तहत वर्ष में एक बार दी जाने वाली दवा का सेवन करना है. अंचलाधिकारी ने आमजनों से अपील की कि वे किसी भ्रम में न पड़ें और दवा अवश्य लें. उन्होंने स्पष्ट किया कि यह दवा पूरी तरह सुरक्षित है और इसके नियमित सेवन से फाइलेरिया के प्रसार को नियंत्रित किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि ‘बचाव इलाज से बेहतर है’ और सामूहिक दवा सेवन से ही इस बीमारी को जड़ से खत्म किया जा सकता है. अभियान के दौरान एमपीडब्ल्यू अविनाश रंजन, पर्यवेक्षक अमित विक्रम, दवा प्रशासक शबाना प्रवीण एवं शबनम खातून मौजूद थे. स्वास्थ्य कर्मियों ने लोगों को दवा के लाभों की जानकारी देते हुए शत-प्रतिशत सहभागिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया.
Bokaro News: कसमार : फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर व्यापक अभियान चलाया गया
Bokaro News: सीओ ने कहा : फाइलेरिया से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय एमडीए कार्यक्रम के तहत वर्ष में एक बार दी जाने वाली दवा का सेवन करना है.
