कसमार: रणविजय मेमोरियल संस्कार पब्लिक स्कूल, खैराचातर में मंगलवार को विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के लिए प्रेरक कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला को लेखक, कवि, शोधकर्ता एवं आध्यात्मिक चिंतक कैसर सुनील कल्पवृक्ष ने संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने रचनात्मक लेखन, व्यक्तित्व विकास, आध्यात्मिक चिंतन, निर्णय क्षमता और जीवन प्रबंधन जैसे विषयों पर अपने विचार साझा किये.
उन्होंने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी युग में केवल जानकारी पर्याप्त नहीं है, बल्कि सही सोच, रचनात्मक दृष्टिकोण और प्रभावी क्रियाशीलता ही सफलता का आधार बनती है. उन्होंने ''बिगेस्ट सॉल्यूशन मेकर'', क्रिया विज्ञान, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के दौर में प्रभावी चिंतन एवं लेखन कौशल तथा कम समय में रचनात्मक लेखन क्षमता विकसित करने की अपनी कार्यपद्धति पर विस्तार से चर्चा की.
उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन, निरंतर अभ्यास और सकारात्मक सोच अपनाने की प्रेरणा देते हुए कहा कि हर व्यक्ति के भीतर असाधारण क्षमता होती है, जिसे सही दिशा और सतत प्रयास से विकसित किया जा सकता है.
कार्यक्रम को वैद्य मनोज महतो ने भी संबोधित किया. उन्होंने विद्यार्थियों को स्वास्थ्य, सकारात्मक जीवनशैली और कार्यशाला में प्रस्तुत विषयों के व्यावहारिक महत्व से अवगत कराया. कार्यशाला के दौरान विद्यार्थियों और शिक्षकों ने विभिन्न विषयों पर प्रश्न पूछे, जिनका कैसर सुनील कल्पवृक्ष ने सरल एवं प्रेरक ढंग से उत्तर दिया.
विद्यालय की प्राचार्या विभा पांडेय ने कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाएं विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और रचनात्मक सोच को नयी दिशा देती हैं. कार्यक्रम में शिक्षक अब्दुल शाहिद, राजीव रंजन, रंजीत कुमार, सरिता कुमारी, सविता पांडेय, छोटेलाल ठाकुर, अब्दुल हसन, धनेश्वर महतो, डिंपल कुमारी, साकिया खातून, आकांक्षा कुमारी, कंचन कुमारी आदि मौजूद थे.
