Bokaro News : सात वर्षों में सेल को रिकॉर्ड मुनाफा, फिर भी कर्मियों की मांगें अधूरी

Bokaro News : बीएसएल अनाधिशासी कर्मचारी संघ ने सेल के छह वर्षों के मुनाफा का आंकड़ा जारी कर प्रबंधन की नियत पर उठाया सवाल, सात वर्षों में मुनाफा 38452 करोड़ रुपये से अधिक हुआ, फिर भी वेज रीविजन, पर्क्स व एरियर का हो रहा इंतजार.

बोकारो, बीएसएल अनाधिशासी कर्मचारी संघ (बीएकेएस) ने सेल के सात वर्षों के मुनाफा का आंकड़ा जारी करते हुए सेल प्रबंधन की नियत पर सवाल उठाया है. यूनियन ने सोमवार को बताया कि पिछले सात वर्षों में सेल को 35452 करोड़ रुपया का कर पूर्व लाभ हुआ है. अगर बीते वित्त वर्ष के संभावित लाभ 3000 करोड़ रुपया को जोड़ दिया जाय, तो सात वर्षो के मुनाफा का आंकड़ा 38452 करोड़ रुपया हो जायेगा.

वेज रिवीजन में दो प्रतिशत कम एमजीबी व 8.5 प्रतिशत कम पर्क्स का लाभ

बीएकेएस ने कहा है कि इतने-भारी भरकम मुनाफा होने के बावजूद बीएसएल-सेल कर्मियों के वेज रिवीजन में दो प्रतिशत कम एमजीबी व 8.5% कम पर्क्स का लाभ दिया गया. वहीं, दूसरी ओर अधिकारियों को अप्रैल 2020 से पर्क्स प्रभावी कर 19 माह के पर्क्स का एरियर भी दिया गया. कर्मचारियों को पर्क्स का एरियर नहीं देना पड़े, उसके लिए सरकार की मंजूरी तिथि का आधार बनाया गया, जो न्याय नहीं है.

कर्मियों में है आक्रोश

39 माह के फिटमेंट के एरियर को देने का समझौता करने के बावजूद अभी तक वेज रिवीजन का एमओए नहीं किया गया है, जो मैनेजमेंट की बेइमानी को साफ प्रकट कर रहा है. बीएसएल-सेल कर्मियों में लंबित मांग को लेकर आक्रोश है. यूनियन का स्पष्ट कहना है कि अधिकारियों की लंबित मांग एक के बाद एक पूरी हो रही है, जबकि कर्मियों की मांग पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है. इससे कर्मियों में जबरदस्त आक्रोश है.

17 माह से एक फुल एनजेसीएस की मीटिंग भी नहीं : मो मुश्ताक आलम

बीएकेएस बोकारो के उपाध्यक्ष मो. मुश्ताक आलम ने कहा कि सरकार की चुप्पी व प्रबंधन की सेल को पैतृक संपत्ति समझने की मानसिकता के कारण सेल कर्मियों की इतनी दुर्दशा है. वहीं, विभिन्न यूनियनों के नेताओं को या तो सेल के बैलेंस शीट का ज्ञान नहीं है, या वो मैनेजमेंट के इशारे पर चुप्पी साधे है. विशेषकर हैदराबाद, दिल्ली, कोलकात्ता, बंगलुरु, मुंबई में रहने वाले पांच यूनियनों के प्रमुख नेता पिछले 17 माह से एक फुल एनजेसीएस की मीटिंग भी नहीं बुलवा पाये है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >