बोकारो : मिल कर हमने ठानी है… अपनी आन बचानी है… सबकी जान बचाते हैं… बदले में गोली खाते हैं… दर्जनों तख्तियों के साथ आइएमए बोकारो व चास से जुड़े दर्जनों चिकित्सक शुक्रवार को कोलकाता के चिकित्सकों के समर्थन में उतरे. सुबह से शाम तक ओपीडी सेवा बंद रखी. शाम को आइएमए हॉल सेक्टर पांच में आइएमए की ओर से कैंडल मार्च भी निकाला गया. बीजीएच सहित निजी अस्पतालों में ओपीडी सेवा का लाभ लोगों को नहीं मिला, जबकि इमरजेंसी सेवा बहाल रखी गयी थी.
मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट की मांग को ले चिकित्सकों ने निकाला कैंडल मार्च, बंद रखी ओपीडी सेवा

मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट की मांग को ले चिकित्सकों ने निकाला कैंडल मार्च, बंद रखी ओपीडी सेवा
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बोकारो : मिल कर हमने ठानी है… अपनी आन बचानी है… सबकी जान बचाते हैं… बदले में गोली खाते हैं… दर्जनों तख्तियों के साथ आइएमए बोकारो व चास से जुड़े दर्जनों चिकित्सक शुक्रवार को कोलकाता के चिकित्सकों के समर्थन में उतरे. सुबह से शाम तक ओपीडी सेवा बंद रखी. शाम को आइएमए हॉल सेक्टर पांच […]
अध्यक्षता आइएमए चास की अध्यक्ष डॉ मीता सिन्हा ने की. कहा : कोलकाता में चिकित्सकों के साथ दुर्व्यवहार की घटना निंदनीय है. अब तक सरकार ने कोई एक्शन नहीं लिया हैरत करने वाली बात है. पूर्व अध्यक्ष डॉ रणधीर कुमार सिंह ने कहा : चिकित्सकों के मान-सम्मान पर हमला कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे. चिकित्सक कभी भी मरीजों के साथ भेदभाव नहीं करते हैं. इसके बाद भी छोटी-छोटी बातों पर चिकित्सकों के साथ दुर्व्यवहार किया जाता है. समाज को भी इस संदर्भ में सोचना होगा.
कैंडल मार्च में पूर्व सचिव डॉ सुजीत कुमार सिंह, डॉ अनिंदो मंडल, डॉ मनोज श्रीवास्तव, डॉ जितेंद्र कुमार, डॉ निवेदिता दत्ता, डॉ आरती शुक्ला, डॉ एलके ठाकुर, डॉ विकास कुमार, डॉ एनके चौधरी, डॉ एस टुडू, डॉ अवनिश श्रीवास्तव, डॉ अनुराग श्रीवास्तव, डॉ एचके मिश्रा, डॉ अर्चना, डॉ अंजु परेरा, डॉ सुजीत परेरा, डॉ अमन श्रीवास्तव, डॉ संगीत कुमार, डॉ कुसुम प्रकाश, डॉ उत्तम कुमार सहित आइएमए चास व आइएमए बोकारो के दर्जनों चिकित्सक शामिल थे.