रवि गोप की रिहाई के मामले में बिहार सरकार की कड़ी कार्रवाई, जेलर सस्पेंड, जानिये पूरा मामला

गिरफ्तारी के बाद दानापुर के संगीन मामले को दबाकर दीघा के एक रंगदारी वाले मामले में पुलिस ने कोर्ट में प्रस्तुत कर जेल भेजा.

फुलवारीशरीफ. 50 हजार के इनामी कुख्यात रवि गोप को आनन-फानन में रिहा करने के मामले में फुलवारीशरीफ कैंप जेल के जेलर अरविंद कुमार को सस्पेंड कर दिया गया है.

जेल आइजी ने सिटी एसपी पश्चिम और सदर एसडीपीओ की जांच रिपोर्ट के आधार पर यह कार्रवाई की है. जेलर अरविंद कुमार को फिलहाल अररिया जेल भेजा गया है.

दीघा के रामजीचक निवासी रवि गोप को एसटीएफ ने सात दिसंबर की रात को उस समय गिरफ्तार किया, जब वह आशियाना नगर की प्रेमिका के साथ अथमलगोला हाइवे पर एक मैरेज हॉल में शादी रचा रहा था.

गिरफ्तारी के बाद दानापुर के संगीन मामले को दबाकर दीघा के एक रंगदारी वाले मामले में पुलिस ने कोर्ट में प्रस्तुत कर जेल भेजा.

लेकिन, तीन दिनों के अंदर ही रंगदारी मामले में रवि गोप ने कंप्रोमाइज पीटिशन कोर्ट में लगवा कर जमानत पा ली और उसके बाद फुलवारीशरीफ जेल से अहले सुबह उसे रिहा कर दिया गया, जिसके बाद नेपाल फरार हो गया.

जबकि पुलिस ने जेलर से कहा था कि दूसरे मामले में उसके खिलाफ कोर्ट से प्रोक्डशन वारंट ले लिया जायेगा, इसलिए 11 बजे तक उसे जेल से रिहा न करें. लेकिन, इससे पहले ही उसे रिहा कर दिया गया.

Posted by Ashish Jha

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