Gupta Dham Shravani Mela: श्रावणी मेले में लाखों शिवभक्तों की आस्था के प्रमुख केंद्र गुप्ता धाम में इस बार श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को लेकर महत्वपूर्ण पहल की गई है. गुफा के भीतर आने-जाने वाले मार्ग पर वॉकिंग मैट बिछाए गए हैं, ताकि प्राकृतिक जलस्रोत के कारण होने वाली फिसलन से श्रद्धालुओं को राहत मिल सके और वे सुरक्षित तरीके से बाबा भोलेनाथ के दर्शन कर सकें.
फिसलन से बचाने के लिए उठाया गया कदम
यह व्यवस्था भारतमाला एक्सप्रेसवे निर्माण कार्य में लगी पीएमसी कंपनी की ओर से सामाजिक दायित्व के तहत की गई है. श्रावणी मेले के दौरान गुप्ता धाम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए कंपनी ने यह पहल की है. गुफा के भीतर कई स्थानों पर लगातार पानी का रिसाव होने के कारण चट्टानें और फर्श हमेशा गीले रहते हैं, जिससे श्रद्धालुओं के फिसलने का खतरा बना रहता था. अब वॉकिंग मैट बिछ जाने से इस समस्या से काफी राहत मिलने की उम्मीद है.
चरणबद्ध तरीके से पूरा किया गया कार्य
करीब एक सप्ताह पहले पीएमसी कंपनी के अधिकारियों और कर्मियों ने गुफा के पूरे मार्ग का निरीक्षण किया और चरणबद्ध तरीके से वॉकिंग मैट बिछाने का कार्य पूरा किया. मैट इस तरह लगाए गए हैं कि श्रद्धालु कतारबद्ध होकर आसानी से आगे बढ़ सकें. इससे विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को काफी सुविधा मिलेगी.
श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता : कंपनी
पीएमसी कंपनी के अधिकारी कुमार विश्वास ने बताया कि श्रावणी मेले में श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है. गुफा के भीतर पानी और फिसलन की स्थिति को देखते हुए वॉकिंग मैट लगाने का निर्णय लिया गया. उन्होंने कहा कि कंपनी केवल सड़क निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक दायित्वों का भी निर्वहन कर रही है. इस पहल का उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम दर्शन की सुविधा उपलब्ध कराना है.
श्रद्धालुओं ने की व्यवस्था की सराहना
गुप्ता धाम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं ने नई व्यवस्था का स्वागत किया है. उनका कहना है कि पहले गुफा के अंदर चलते समय काफी सावधानी बरतनी पड़ती थी, लेकिन अब वॉकिंग मैट बिछने से चलना आसान हो गया है और दुर्घटना की आशंका भी काफी कम हो गई है.
प्रशासन भी तैयारियों में जुटा
श्रावणी मेले को लेकर जिला प्रशासन, वन विभाग और पुलिस प्रशासन पहले से ही सुरक्षा, साफ-सफाई, बैरिकेडिंग, पेयजल, स्वास्थ्य सुविधा और भीड़ प्रबंधन की तैयारियों में जुटा है. ऐसे में भारतमाला परियोजना की यह पहल श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत साबित हो रही है. स्थानीय लोगों का मानना है कि सभी विभागों के समन्वित प्रयास से इस वर्ष गुप्ता धाम आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को पहले से अधिक सुरक्षित, व्यवस्थित और सुखद धार्मिक अनुभव मिलेगा.
