सारण: मकेर में किसानों का प्रदर्शन, उर्वरक की ऑनलाइन व्यवस्था खत्म करने की मांग

मकेर प्रखंड में किसानों ने ऑनलाइन खाद व्यवस्था के खिलाफ प्रदर्शन किया. उनकी मुख्य मांगों में इसे अव्यावहारिक बताकर ऑफलाइन व्यवस्था बहाल करना, कालाबाजारी रोकना और फसल क्षति का मुआवजा देना शामिल है. यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो बड़े आंदोलन की चेतावनी दी गई है.

Saran News : मकेर प्रखंड कार्यालय परिसर में सोमवार को किसानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एक दिवसीय प्रदर्शन किया. बिहार राज्य किसान सभा से संबद्ध अखिल भारतीय किसान सभा, अंचल काउंसिल मकेर के बैनर तले आयोजित प्रदर्शन का नेतृत्व जिलाध्यक्ष शिव शंकर प्रसाद ने किया. प्रदर्शन के बाद किसानों ने आठ सूत्री मांगों का ज्ञापन प्रखंड कार्यालय के माध्यम से जिलाधिकारी को सौंपा.

ऑनलाइन उर्वरक व्यवस्था को बताया अव्यावहारिक

किसानों ने कहा कि फसल उर्वरक वितरण के लिए लागू ऑनलाइन प्रक्रिया ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों के लिए व्यावहारिक नहीं है. अधिकांश किसानों के पास स्मार्टफोन, इंटरनेट और ऑनलाइन प्रक्रिया की पर्याप्त जानकारी नहीं है. इसके कारण उन्हें समय पर खाद-बीज उपलब्ध नहीं हो पा रहा है, जिससे खेती प्रभावित हो रही है.

कालाबाजारी पर रोक लगाने की मांग

सभा को संबोधित करते हुए जिला सचिव शिव शंकर प्रसाद ने कहा कि उर्वरक की कालाबाजारी के कारण किसान परेशान हैं. किसानों को ऊंचे दाम पर खाद खरीदने की मजबूरी हो रही है. उन्होंने उर्वरक वितरण की पुरानी ऑफलाइन व्यवस्था बहाल करने और सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों को उचित दर पर समय से खाद-बीज उपलब्ध कराने की मांग की.

फसल क्षति का मुआवजा देने की मांग

किसानों ने फसल उर्वरक की ऑनलाइन प्रक्रिया समाप्त करने के साथ सभी किसानों को फसल क्षति का मुआवजा देने की मांग की. इसके अलावा किसान सम्मान निधि की राशि बढ़ाने और बटाईदार किसानों को भी सरकारी योजनाओं का लाभ देने की मांग रखी गयी.

मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि किसानों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में जिला स्तर पर बड़ा आंदोलन किया जायेगा. किसानों ने अपनी आठ सूत्री मांगों को लेकर प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की.

प्रदर्शन में अंबिका राय, राम अयोध्या राय, जगदीश राय, मैनेजर सिंह, राजेश्वर सिंह, गुरुचरण मांझी, नगनारायण राय, शंभू चौहान, गायत्री देवी, नीलम देवी, सुनीता देवी और सुगिया कुअर समेत दर्जनों किसान शामिल हुए.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Vijay kumar pand

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >