Advocate father son Murder case : (हरिप्रकाश मिश्रा) छपरा के मुफस्सिल थाना क्षेत्र में चर्चित गवाह हत्याकांड में पुलिस ने 10 लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज की है. मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि अन्य की तलाश में लगातार छापेमारी जारी है. पुलिस कॉल डिटेल, एफएसएल रिपोर्ट और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कई बिंदुओं पर जांच कर रही है.
गवाह हत्याकांड में 10 लोगों के खिलाफ FIR
मृतक पंकज राय के चचेरे भाई पुरुषोत्तम कुमार के आवेदन पर पुलिस ने 10 लोगों को नामजद अभियुक्त बनाया है. प्राथमिकी में मेथवलिया गांव निवासी संजय राय, विजय राय, राघव राय, अमरजीत राय, गोलू राय, सुनील राय, जितेंद्र राय समेत कुल 10 लोगों को आरोपी बनाया गया है. सभी आरोपी मृतक के पट्टीदार बताए गए हैं. आवेदन में पुराने विवाद और सुनियोजित हत्या की साजिश का भी आरोप लगाया गया है.
तीन आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सोमवार देर रात मेथवलिया गांव से संजय राय, विजय राय और अमरजीत राय को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है.
डबल मर्डर केस का मुख्य गवाह था पंकज राय
पंकज राय अधिवक्ता राम अयोध्या प्रसाद यादव और उनके पुत्र की 12 जून 2024 को हुई चर्चित दोहरे हत्याकांड का मुख्य प्रत्यक्षदर्शी गवाह था. उसकी एक जुलाई को अदालत में गवाही होनी थी, लेकिन गवाही से दो दिन पहले रविवार रात अपराधियों ने गोली मारकर उसकी हत्या कर दी. इस घटना ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है.
डबल मर्डर केस का आरोपी विजय राय फिर गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार विजय राय अधिवक्ता और उनके पुत्र की हत्या के मामले में भी मुख्य आरोपियों में शामिल रहा है. अब गवाह पंकज राय की हत्या के मामले में भी उसका नाम सामने आने के बाद उसे दोबारा गिरफ्तार किया गया है.
परिजनों ने सुरक्षा में लापरवाही का लगाया आरोप
मृतक के परिजनों का कहना है कि उन्हें पहले से आशंका थी कि गवाह होने के कारण पंकज राय पर हमला हो सकता है. इस संबंध में उन्होंने वरीय पुलिस अधिकारियों को भी जानकारी दी थी, लेकिन पर्याप्त सुरक्षा नहीं मिलने के कारण यह घटना हो गई.
कॉल डिटेल, FSL रिपोर्ट और CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
एसएसपी विनीत कुमार के निर्देश पर पूरे मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है. एफएसएल टीम ने घटनास्थल से कई साक्ष्य जुटाए हैं. पुलिस मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड, आसपास के सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही है. कई लोगों से पूछताछ भी की जा रही है.
