शिक्षा से ही समाज का विकास संभव
सहरसा : भारतीय संविधान के शिल्पकार शिक्षाविद भारतरत्न बाबा साहेब डॉ भीमराव आंबेडकर की 61वीं पुण्यतिथि पर मंगलवार को विभिन्न राजनीतिक दल व सामाजिक संस्थाओं ने अलग-अलग समारोह आयोजित कर बाबा साहब को श्रद्धांजलि दी. जिला जनता दल यू ने शंकर चौक स्थित श्री रामजानकी ठाकुरबाड़ी परिसर में समारोह आयोजित कर बाबा साहेब को आत्मसात […]
सहरसा : भारतीय संविधान के शिल्पकार शिक्षाविद भारतरत्न बाबा साहेब डॉ भीमराव आंबेडकर की 61वीं पुण्यतिथि पर मंगलवार को विभिन्न राजनीतिक दल व सामाजिक संस्थाओं ने अलग-अलग समारोह आयोजित कर बाबा साहब को श्रद्धांजलि दी. जिला जनता दल यू ने शंकर चौक स्थित श्री रामजानकी ठाकुरबाड़ी परिसर में समारोह आयोजित कर बाबा साहेब को आत्मसात करने का संकल्प लिया. पार्टी जिलाध्यक्ष धनिकलाल मुखिया की अध्यक्षता में आयोजित समारोह में दर्जनों नेता व कार्यकर्ता मौजूद थे. सोनवर्षाराज विधायक रत्नेश सादा ने कहा कि बाबा साहब ने देश को जो संविधान दिया.
उसमें समाज के अंतिम कड़ी में बैठे लोगों के विकास के लिए भी अधिकार दिया गया. उन्होंने कहा कि बाबा साहब ने कहा था कि जब तक लोग शिक्षित व संगठित नहीं होंगे. तब तक किसी भी समाज का विकास संभव नहीं है. इसलिये ऐसे लोग शिक्षा के बिना आज भी अपने अधिकारों से वंचित हैं. हमें बाबा साहब के जीवन व उनके बताये गये बातों को अपने जीवन में उतारने की कोशिश कर समाज में दबे-कुचले व पिछड़े लोगों को बराबर का दर्जा दिलाने की जरूरत है.
समारोह की अध्यक्षता करते जिलाध्यक्ष ने कहा कि बाबा साहब संविधान निर्माता के साथ-साथ सिर्फ समाज के लिये सोचते थे. मौके पर जदयू के उदयचंद्र साह, रेवती रमण सिंह, प्रो सुनील सिंह, मो मोहीउदीन, सुरेश लाल दास, राघव सिंह, नारायण रजक, घनश्याम चौधरी, शिवेन्द्र कुमार सहित अन्य मौजूद थे.
भाजपा ने आंबेडकर की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण : बाबा साहब भीमराव आंबेडकर की 61वीं पुण्यतिथि पर भाजपा व्यवसाय मंच ने स्थानीय आंबेडकर चौक पर स्थापित बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण व पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया. मंच के अध्यक्ष राजीव रंजन साह ने कहा कि बाबा साहब हमेशा समाज के विकास की खातिर चिंता करने वाले व्यक्ति थे. कहा कि सभी धर्मों के प्रति उनकी आस्था थी. समाज के सबसे पिछड़े लोगों को मुख्य धारा में शामिल करने के लिए उन्होंने संविधान में भी उस वर्ग का ख्याल रखा. मौके पर भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष राजीव रंजन,
प्रदेश नेता सुधीर राजहंस व जिला उपाध्यक्ष दिवाकर सिंह ने बाबा साहब को श्रद्धांजलि देते उन्हें महामानव बताया. इन्होंने कहा कि सही मायने में समाज के हित की बात सोचने वाले व विकास की बात करने वालों को बाबा साहब की भावनाओं को असल में आत्मसात करने की जरूरत है. मौके पर पार्टी के महामंत्री नवीन पांडेय, अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के मो महताब आरिफ, मीडिया प्रभारी शिवभूषण सिंह, युगलकिशोर भीमसेरिया, जयप्रकाश गुप्ता सहित अन्य मौजूद थे.
छात्रों ने भी बाबा साहब को किया याद: स्थानीय आंबेडकर कल्याण छात्रावास के छात्रों ने भी बाबा साहब के प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें याद किया. छात्रावास से पैदल मार्च करते हुए आंबेडकर चौक पहुंच माल्यार्पण के बाद छात्रावास में छात्रों के बीच संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ भीमराव आंबेडकर के जीवन पर चर्चा करने के बाद छात्रों ने उनसे सीख लेने की प्रतिज्ञा दुहरायी. मौके पर धनंजय, अजीत, संजीव, विक्की, संतोष, ओमप्रकाश सहित दर्जनों छात्र मौजूद थे.
वहीं दूसरी ओर अनुसूचित जाति जनजाति कर्मचारी संघ ने भी बाबा साहब के प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी. मौके पर संघ के संरक्षक नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी दिनेश राम, अध्यक्ष प्रताप बैठा, सचिव शंभू पासवान, नागेंद्र राम, महेंद्र शर्मा, बिनोद कुमार राम, आयकर अधिकारी बुधन राम, रामविलास राम सहित कई विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे.
तिरंगे में अशोक चक्र बाबा की देन : विहिप: इधर विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल ने भी मंगलवार को आंबेडकर चौक पर स्थापित बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी. कोसी विभाग के प्रचारक रंधीर कुमार सिन्हा ने कहा कि मुद्रा प्रणाली में नोटों की स्थिरता, कृषि उत्पादक तत्वों का विकास आंबेडकर की ही परिकल्पना थी. उन्होंने कहा कि तिरंगा झंडा में अशोक चक्र लगाने का श्रेय भी भीमराव आंबेडकर को ही जाता है.