संजय जायसवाल मामले में पीके को नोटिस, 15 जुलाई को होना होगा हाजिर

Prashant Kishor: जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर को बीजेपी सांसद डॉ. संजय जायसवाल से जुड़े मामले में बेतिया सिविल कोर्ट ने नोटिस जारी किया है. अदालत ने उन्हें 15 जुलाई को अपना पक्ष रखने और लगाए गए आरोपों के जवाब देने तथा सबूत पेश करने का निर्देश दिया है.

Prashant Kishor: प्रशांत किशोर को बेतिया सिविल कोर्ट ने भाजपा सांसद डॉ. संजय जायसवाल के खिलाफ कथित रूप से विवादित टिप्पणी करने के मामले में उन्हें नोटिस जारी किया है. अदालत ने प्रशांत किशोर को 15 जुलाई को पेश होकर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है.

डीजल चोरी और ओवरब्रिज रूट बदलने का लगा था आरोप

बीजेपी सांसद के वकील चंद्रिका कुशवाहा ने बताया कि साल 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान प्रशांत किशोर ने एक जनसभा में डॉ. संजय जायसवाल पर गंभीर आरोप लगाए थे. पीके ने कहा था कि सांसद नगर निगम में डीजल चोरी में शामिल हैं और उन्होंने अपने पेट्रोल पंप को फायदा पहुंचाने के लिए सरकारी ओवरब्रिज का रूट बदलवा दिया था. इन आरोपों के खिलाफ कोर्ट में मानहानि का केस दर्ज कराया गया था.

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तय तारीख पर न आने पर हो सकती है कार्रवाई

अदालत ने मामले की शुरुआती जांच और सबूतों पर विचार करने के बाद प्रशांत किशोर को यह समन जारी किया है. उन्हें अब कोर्ट में हाजिर होकर अपने आरोपों के समर्थन में साक्ष्य पेश करने होंगे. वकील के मुताबिक, अगर प्रशांत किशोर निर्धारित तारीख पर न्यायालय में उपस्थित नहीं होते हैं, तो कोर्ट उनके खिलाफ वारंट या अन्य कड़ी कानूनी कार्रवाई कर सकती है.

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Published by: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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