Patna News: (अमिताभ श्रीवास्तव की रिपोर्ट) पटना सिटी के गुलजारबाग स्टेशन रोड स्थित प्रसिद्ध और ऐतिहासिक श्री सर्व मंगला देवी मंदिर की प्राचीन धरोहर को संरक्षित, सुरक्षित और विकसित करने की योजना अब धरातल पर उतरने वाली है. बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद द्वारा इस दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. पर्षद के अध्यक्ष रणवीर नंदन द्वारा निर्गत आधिकारिक पत्र के आलोक में मंगलवार को पटना सिटी के अनुमंडल पदाधिकारी सत्यम सहाय को मंदिर का अस्थायी न्यासधारी नियुक्त किया गया है.
जिम्मेदारी मिलते ही मंगलवार को ही एसडीओ सत्यम सहाय भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम के साथ सीधे श्री सर्व मंगला देवी मंदिर परिसर का विस्तृत निरीक्षण करने पहुंचे. इस उच्चस्तरीय निरीक्षण टीम में सिटी डीएसपी राजकिशोर सिंह, कार्यपालक दंडाधिकारी गंगा सागर सिंह, आलमगंज थाना प्रभारी राहुल कुमार ठाकुर, सुल्तानगंज थाना प्रभारी कमलेश कुमार सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल के जवान मुस्तैद रहे.
100 वर्ष से अधिक पुराना है ऐतिहासिक मंदिर, अवैध कब्जा जमाए लोगों को नोटिस
निरीक्षण के दौरान सर्व मंगला देवी ट्रस्ट के निवर्तमान सदस्य आकाश कुमार और मुख्य पुजारी द्वारिकानंद मिश्र ने एसडीओ को मंदिर की ऐतिहासिकता से रूबरू कराया. उन्होंने बताया कि यह मंदिर 100 वर्ष से भी अधिक प्राचीन है और स्थानीय लोगों की अगाध आस्था का केंद्र है. वर्तमान में रख-रखाव के अभाव और आस-पास बढ़ते अतिक्रमण के कारण इस ऐतिहासिक धरोहर के अस्तित्व पर संकट मंडरा रहा था.
एसडीओ सत्यम सहाय ने मंदिर की स्थिति को देखने के बाद सख्त लहजे में कहा कि न्यास के कुशल संचालन, सुचारू प्रबंधन और सम्यक व्यवस्था हेतु हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे. उन्होंने मंदिर की जमीन और परिसर के आस-पास अवैध रूप से अतिक्रमण और कब्जा जमाए लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के संकेत दिए. एसडीओ ने निर्देश दिया कि अतिक्रमणकारियों के खिलाफ तुरंत आधिकारिक नोटिस निर्गत किया जाए. इसके साथ ही उन्होंने अवैध कब्जा जमाए लोगों को कड़ा अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि वे अगले 4 दिनों के भीतर अपने दावों के वैध दस्तावेज के साथ अनुमंडल कार्यालय में उपस्थित हों, अन्यथा बिना किसी रियायत के सीधे बुलडोजर चलाकर अतिक्रमण मुक्त कराया जाएगा.
मंदिर का अब नए सिरे से होगा कायाकल्प
धार्मिक न्यास पर्षद के अध्यक्ष रणवीर नंदन द्वारा जारी पत्र के अनुसार, सर्व मंगला देवी ट्रस्ट न्यास के सुचारू प्रबंधन और सम्यक विकास के लिए पूर्व में 14 जनवरी 2020 को एक न्यास समिति का गठन किया गया था. चूंकि उस गठित न्यास समिति का निर्धारित कार्यकाल अब पूरी तरह समाप्त हो चुका था, इसलिए मंदिर की व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए प्रशासनिक हस्तक्षेप जरूरी था.
इसी के तहत बिहार हिंदू धार्मिक न्यास अधिनियम 1950 की धारा 33 के प्रावधानों का उपयोग करते हुए अनुमंडल पदाधिकारी पटना सिटी को तत्काल प्रभाव से इस पद पर नियुक्त किया गया है. निरीक्षण के बाद एसडीओ ने श्रद्धालुओं को आश्वस्त करते हुए कहा कि बहुत जल्द मंदिर की सुरक्षा के लिए चहारदीवारी, सौंदर्यीकरण और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के विस्तार के लिए एक मास्टर प्लान बनाकर काम शुरू कराया जाएगा.
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