पटना : इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान में अगले महीने से टेस्ट ट्यूब बेबी (आइवीएफ) की सुविधा मिलने लगेगी. अस्पताल प्रशासन की ओर से इसकी पूरी तैयारी कर ली गयी है. यह प्रदेश का पहला सरकारी अस्पताल होगा जहां आइवीएफ (इन विट्रो फर्टिलाइजेशन) की सुविधा बहाल होने जा रही है. खास बात है कि संस्थान में महज 50 हजार रुपये में ही यह सुविधा मिलेगी. काफी खर्चीली तकनीक होने की वजह से गरीब दंपती इसका लाभ नहीं उठा पाते हैं.
65 ने कराया रजिस्ट्रेशन
आइजीआइएमएस में बांझपन निवारण केंद्र बनाया गया है. जिसकी देखरेख डॉ कल्पना सिंह की नेतृत्व में की जा रही है. उन्होंने बताया कि जिस भवन में आइवीएफ तकनीक से इलाज किया जायेगा, वह भवन बन कर पूरी तरह से तैयार हो गया है. साथ ही वहां सभी जरूरत के उपकरण आदि की व्यवस्था कर दी गयी है. अगस्त के पहले सप्ताह में सुविधा बहाल कर दी जायेगी. अब तक 65 महिलाओं का रजिस्ट्रेशन हो गया है. यह संख्या रोज बढ़ रही है.
