Patna News: शनिवार को महापौर सीता साहू की अध्यक्षता में हुई विशेष बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 3043.22 करोड़ रुपये के बजट को हरी झंडी दे दी गई. तीखी नोकझोंक और हंगामे के बीच पारित इस बजट में पटनावासियों के लिए सुविधाओं का पिटारा खोला गया है.
युवाओं के लिए मुफ्त ई-लाइब्रेरी से लेकर पूरी काशी और अयोध्या की तर्ज पर गंगा घाटों के विकास तक, इस बजट में ‘विकसित पटना’ का रोडमैप तैयार किया गया है.
छात्रों को फ्री वाई-फाई
नगर निगम ने शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थानों और पार्कों में मुफ्त वाई-फाई सुविधा देने का प्रावधान किया है. इसके साथ ही, छात्रों के लिए ऑनलाइन पढ़ाई के संसाधन और आधुनिक ई-लाइब्रेरी की शुरुआत की जाएगी.
बुजुर्गों और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक लोगों के लिए शहर के 26 पार्कों में 5 करोड़ की लागत से ओपन जिम खोले जाएंगे. हरियाली को बढ़ावा देने के लिए पूरे शहर में ‘ग्रीन बेल्ट’ विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है.
24 घंटे में मिलेगा मृत्यु प्रमाण पत्र
नगर निगम ने अपनी सेवाओं को पूरी तरह डिजिटल करने का फैसला किया है. अब ई-जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र की सुविधा शुरू होगी, जिससे श्मशान घाट पर ही 24 से 48 घंटे के भीतर सर्टिफिकेट मिल सकेगा. महिलाओं की सुविधा और स्वच्छता के लिए ‘पिंक टॉयलेट’ अभियान का विस्तार किया जाएगा, जिसमें पुरानी बसों को मोबाइल टॉयलेट में बदलकर सड़कों पर उतारा जाएगा.
जंक्शन के पास स्थित न्यू मार्केट को जी+3 बहुमंजिला शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे अतिक्रमण की समस्या जड़ से खत्म होगी.
कचरे से बनेगी बिजली
शहर की सफाई व्यवस्था को अंतरराष्ट्रीय स्तर का बनाने के लिए इंटीग्रेटेड सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्रोजेक्ट पर 514 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. रामाचक बैरिया में वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट लगाया जाएगा, जो 1600 टन दैनिक कचरे का निपटान कर 15 मेगावाट बिजली पैदा करेगा.
पटना के सभी प्रवेश द्वारों पर भव्य ‘स्वागत द्वार’ बनाए जाएंगे और 82 हजार सेंसर वाली स्मार्ट स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी, जो अंधेरा होते ही खुद-ब-खुद जल उठेंगी.
पीआरडीए संपत्तियां होंगी फ्रीहोल्ड
निगम ने राजस्व बढ़ाने के लिए ऐतिहासिक फैसला लेते हुए पीआरडीए की संपत्तियों (राजेंद्रनगर, कंकड़बाग, श्रीकृष्णपुरी आदि) को फ्रीहोल्ड करने की योजना बनाई है. इससे आवंटियों को मालिकाना हक मिलेगा और निगम को करीब 500 करोड़ का राजस्व प्राप्त होगा.
बिहार में पहली बार म्युनिसिपल बॉन्ड जारी कर 200 करोड़ रुपये जुटाए जाएंगे, जिसका उपयोग अत्याधुनिक शॉपिंग मॉल और वेंडिंग जोन बनाने में होगा.
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