रोह प्रखंड के ग्रामीण इलाकों में नीलगायों का आतंक, किसान परेशान

NAWADA NEWS.रोह प्रखंड के ग्रामीण इलाकों में नीलगायों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे किसान परेशानी का सामना कर रहे हैं. खेतों में बेखौफ घूमती नीलगायें रबी और खरीफ दोनों मौसमों की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रही हैं. इससे किसानों की आर्थिक स्थिति कमजोर होती जा रही है.

By AMIT SAURABH | January 10, 2026 8:25 PM

नीलगायें रबी और खरीफ दोनों मौसमों की फसलों को पहुंचा रही भारी नुकसान फोटो कैप्शन- गेहूं की फसल को चरते नीलगाय. प्रतिनिधि, रोह रोह प्रखंड के ग्रामीण इलाकों में नीलगायों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे किसान परेशानी का सामना कर रहे हैं. खेतों में बेखौफ घूमती नीलगायें रबी और खरीफ दोनों मौसमों की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रही हैं. इससे किसानों की आर्थिक स्थिति कमजोर होती जा रही है. किसानों के अनुसार नीलगायें विशेष रूप से गेहूं, सरसों, चना और सब्जी की फसलों को सबसे अधिक नुकसान पहुंचा रही हैं. झुंड में खेतों में घुसने वाली नीलगायें फसल को चरने के साथ-साथ पैरों से कुचल देती हैं. कई किसानों का कहना है कि एक ही रात में आधी से अधिक फसल बर्बाद हो जाती है. ऐसे में किसान खेती के साथ-साथ रात में खेतों की रखवाली करने को मजबूर हैं. ग्रामीणों का कहना है कि नीलगायों की बढ़ती संख्या और वन क्षेत्रों में भोजन की कमी इस समस्या की मुख्य वजह है. बचाव के लिए किसान कंटीली तार, टिन की चादरें और रात में पहरा जैसे उपाय कर रहे हैं, लेकिन ये सभी अस्थायी साबित हो रहे हैं. किसानों ने प्रशासन से फसल नुकसान का आकलन कर मुआवजा देने और स्थायी समाधान की मांग की है. इस संबंध में प्रखंड कृषि पदाधिकारी आनंद कुमार ने बताया कि किसानों द्वारा आवेदन दिए जाने के बाद नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है