Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर जिले के कांटी प्रखंड ने राष्ट्रीय क्षितिज पर एक बड़ी और ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है. प्रखंड अंतर्गत रामनाथ धनौली पूर्वी पंचायत की मुखिया पवन देवी और वीरपुर पंचायत की मुखिया याचना शाही देश के प्रतिष्ठित ‘राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार 2025’ से सम्मानित होने के लिए नई दिल्ली रवाना हो गई हैं. विदित हो कि इस गौरवशाली पुरस्कार के लिए पूरे मुजफ्फरपुर जिले से कुल तीन पंचायतों (मुखिया) का चयन किया गया है, जिनमें से दो पंचायतें अकेले कांटी प्रखंड की हैं. इस अभूतपूर्व सफलता से पूरे प्रशासनिक महकमे और चंपारण-मिथिलांचल क्षेत्र के नागरिकों में हर्ष का माहौल है.
पंचायत भवन में विदाई समारोह
मुखिया द्वय के दिल्ली रवाना होने से पूर्व मधुवन स्थित पंचायत सरकार भवन में एक भव्य और भावुक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, प्रबुद्ध नागरिकों, वरिष्ठ राजनेताओं और समाजसेवियों ने शिरकत की. उपस्थित जनसमुदाय ने दोनों महिला मुखिया को अंगवस्त्र और माला पहनाकर सम्मानित किया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए दिल्ली के लिए विदा किया. इस ऐतिहासिक क्षण पर पंचायत प्रतिनिधियों ने अपनी खुशी का इजहार करते हुए एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया और इसे क्षेत्र के विकास की सबसे बड़ी जीत बताया.
3 जून को भारत मंडपम में मिलेगा पुरस्कार
इस गौरवमयी उपलब्धि पर रामनाथ धनौली पूर्वी की मुखिया पवन देवी ने अपनी सफलता का श्रेय क्षेत्र की जनता को दिया. उन्होंने कहा कि इस राष्ट्रीय स्तर के कार्य को सफल बनाने में वार्ड सदस्यों, बुद्धिजीवियों और आम जनता का अद्वितीय योगदान रहा है.
वहीं मुखिया प्रतिनिधि सह उनके पति उमेश रजक ने पुरस्कार के मुख्य कारण की तकनीकी जानकारी साझा करते हुए बताया कि पंचायत को ‘जलजमाव से पूर्ण मुक्ति’ और बेहतर जल प्रबंधन के क्षेत्र में किए गए उत्कृष्ट कार्यों के लिए राष्ट्रीय मंच पर चुना गया है. उन्होंने बताया कि आगामी 3 जून को नई दिल्ली के प्रगति मैदान स्थित अत्याधुनिक ‘भारत मंडपम’ में आयोजित एक भव्य राष्ट्रीय समारोह के दौरान मुख्य अतिथि द्वारा उन्हें आधिकारिक तौर पर पुरस्कृत किया जाएगा.
कांटी प्रखंड ने पूरे जिले को गौरवान्वित किया -बीडीओ
प्रखंड की दो पंचायतों को राष्ट्रीय स्तर पर सर्वोच्च स्थान मिलने से बेहद उत्साहित कांटी के प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) डॉ. आनंद कुमार विभूति ने अपनी खुशी जाहिर की. उन्होंने कहा कि यह पूरे प्रशासनिक तंत्र और कांटी के लिए अत्यंत गौरवशाली क्षण है. बीडीओ ने कहा कि मुजफ्फरपुर जिले से चयनित कुल तीन पंचायतों में से दो पंचायतें उनके प्रखंड की हैं, जो यह साबित करता है कि धरातल पर विकास कार्य पूरी पारदर्शिता और मजबूती से हुए हैं. उन्होंने घोषणा की कि जब दोनों मुखिया राष्ट्रीय पुरस्कार लेकर दिल्ली से वापस लौटेंगी, तो ब्लॉक मुख्यालय पर वे स्वयं भव्य कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें अपने हाथों से सम्मानित करेंगे.
समारोह में उमड़े क्षेत्र के गणमान्य लोग
सम्मान कार्यक्रम में भाग लेने पहुंचे क्षेत्र के वरिष्ठ कम्युनिस्ट नेता राम दयाल चौरसिया ने कहा कि इन महिला नेतृत्वकर्ताओं ने सुदूर ग्रामीण पंचायत का नाम सीधे देश की राजधानी में ऊंचा कर दिया है. वहीं स्थानीय प्रबुद्ध नागरिक प्रगास राम ने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति को साथ लेकर चलने की नीति के कारण ही आज यह मुकाम हासिल हुआ है.
इस विदाई सह सम्मान समारोह के मौके पर उपमुखिया कृष्ण कुमार झा, उपप्रमुख प्रतिनिधि चुन्नू चौधरी, पूर्व सरपंच रत्नेश पंडित, वार्ड सदस्य गायत्री देवी, विनय राय, दिनकर मांझी, सुनीला देवी, सुधा कुमारी, चांदनी कुमारी, ऊषा देवी, रमेश रजक, राम बालक चौधरी, सीताराम राय और देवेंद्र ठाकुर सहित भारी संख्या में ग्रामीण और स्थानीय जनप्रतिनिधि मुख्य रूप से उपस्थित रहे.
मुजफ्फरपुर के कांटी से मनोज कुमार मिश्र की रिपोर्ट
