मुजफ्फरपुर : बिहार में किसानों की दयनीय स्थिति को सुधारने के लिए कांग्रेस पार्टी संकल्पित है. सूबे के किसान फसल का उचित मूल्य नहीं मिलने के कारण आत्महत्या करने को विवश हो रहे हैं. पार्टी ने किसानों के लिए एक टॉल फ्री नंबर जारी किया है. किसान उस नंबर पर मिस कॉल करेंगे, तो उस नंबर पर फोन कर उनकी समस्याएं सुनी जायेंगी.
कार्यकर्ता किसानों से उनके घर जाकर मिलेंगे और उनकी समस्याओं को नोट करेंगे. पार्टी उन किसानों को लेकर मुख्यमंत्री से मिलेगी. राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी किसानों की समस्याओं को प्रमुखता से ले रहे हैं. उक्त बातें अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव व बिहार के सह प्रभारी राजेश लिलोठिया ने बुधवार को जिला कार्यालय में प्रेसवार्ता कर कहीं.
उन्होंने कहा कि पार्टी 25 जून को सभी जिला मुख्यालयों पर धरना देगी. श्री लिलोठिया ने कहा कि यूपीए की सरकार में किसानों का 72 हजार करोड़ का ऋण माफ किया गया था, लेकिन बीजेपी सरकार उदासीन है. किसानों की परेशानी से सरकार को कोई मतलब नहीं है. इस मौके पर प्रभारी जिलाध्यक्ष सूरज दास, वरीय नेता संजय सिंह, मयंक कुमार मुन्ना, अरविंद कुमार मुकुल, मो शोएब, उमेश राम सहित अन्य सदस्य मौजूद थे.
ये हैं महत्वपूर्ण मांगें
- किसानों की फसल एफसीआइ सरकार की तय कीमत से खरीदी जाये. राशि खाते में जमा हो
- दलहन, मकई व सब्जी पैदा करने वाले किसानों को उचित दाम मिले, पैदावार को शीत गृह में रखने की व्यवस्था हो
- पैदावार के समय किसान जो भी अनाज बेचना चाहें, पैक्स बाजार दर पर खरीद करे, खाते में पैसे जमा किया जाएं
- किसानों को सरल प्रक्रिया से कृषि ऋण मुहैया कराया जाये
- प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों को प्रशासनिक व वित्तीय दृष्टि से मजबूत किया जाये
- दाना विहीन मक्का के लिए किसानों को उचित मुआवजा मिले
- – सूबे के बंद पड़े चीनी मिलों को चालू कराया जाये
- – किसानों की बेहतरी के लिए वैद्यनाथ कमीशन की अनुशंसा लागू की जाये