तारापुर (मुंगेर) से संजय वर्मा की रिपोर्ट:
Tarapur Riverfront Project: तारापुर और शंभूगंज प्रखंड क्षेत्र के बीच बहने वाली बदुआ नदी के किनारे प्रस्तावित रिवर फ्रंट पार्क का निर्माण कार्य युद्धस्तर पर शुरू हो गया है. करीब 20 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट क्षेत्र को नई पहचान देने के साथ पर्यटन, रोजगार और मनोरंजन के नए अवसर भी उपलब्ध कराएगा. निर्माण कार्य शुरू होने से स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल है.
भारी मशीनों से चल रहा निर्माण कार्य
बदुआ नदी के तटवर्ती इलाके में बड़े पैमाने पर जमीन समतलीकरण और खुदाई का कार्य किया जा रहा है. इसके लिए पोकलेन और जेसीबी मशीनों को लगाया गया है. निर्माण एजेंसी द्वारा नदी के किनारों को सुरक्षित रखते हुए पार्क की रूपरेखा को आकार दिया जा रहा है, ताकि भविष्य में यहां आने वाले लोगों को सुरक्षित और आकर्षक वातावरण मिल सके.
400 मीटर लंबा बनेगा सीढ़ी घाट
परियोजना के तहत बदुआ नदी के दोनों किनारों पर कुल 400 मीटर लंबा सीढ़ी घाट बनाया जाएगा. इसमें 200 मीटर हिस्सा मुंगेर जिले के तारापुर प्रखंड क्षेत्र में तथा 200 मीटर हिस्सा बांका जिले के शंभूगंज प्रखंड क्षेत्र में विकसित किया जाएगा.
इसके अलावा पार्क में आकर्षक लाइटिंग, बैठने की व्यवस्था, पैदल पथ, हरित क्षेत्र और विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए जाएंगे. बुजुर्गों के टहलने और बच्चों के मनोरंजन के लिए भी विशेष सुविधाएं विकसित की जाएंगी.
स्थानीय लोगों में दिख रहा उत्साह
स्थानीय निवासी शशांक घोष, सन्नी कुमार कुशवाहा समेत कई लोगों ने बताया कि क्षेत्र में अब तक कोई व्यवस्थित सार्वजनिक पार्क नहीं था. बच्चों के खेलने और बुजुर्गों के घूमने के लिए भी उचित स्थान का अभाव था. रिवर फ्रंट पार्क बनने से यह कमी दूर होगी और लोगों को बेहतर मनोरंजन स्थल उपलब्ध होगा.
पर्यटन और स्थानीय कारोबार को मिलेगा लाभ
स्थानीय लोगों का मानना है कि पार्क बनने के बाद शाम के समय लोगों की आवाजाही बढ़ेगी. इससे आसपास छोटे दुकानदारों और स्थानीय व्यवसायों को भी फायदा मिलेगा. साथ ही यह स्थल तारापुर और शंभूगंज क्षेत्र के लिए एक नए पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित हो सकता है.
गुणवत्ता और सुरक्षा पर विशेष ध्यान
संबंधित विभाग निर्माण कार्य की लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है. अधिकारियों का कहना है कि परियोजना को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के साथ गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है. मानसून और नदी के जलस्तर को देखते हुए विशेष तकनीकी प्रावधान किए जा रहे हैं.
चेंजिंग रूम नहीं होने पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों ने रिवर फ्रंट पार्क के प्रस्तावित नक्शे पर कुछ सुझाव भी दिए हैं. उनका कहना है कि छठ महापर्व, दुर्गा पूजा और अन्य धार्मिक अवसरों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु नदी में स्नान करने पहुंचते हैं. ऐसे में विशेषकर महिलाओं की सुविधा के लिए चेंजिंग रूम की व्यवस्था भी की जानी चाहिए. लोगों ने परियोजना में इस सुविधा को शामिल करने की मांग की है.
स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि आने वाले महीनों में बदुआ नदी का यह इलाका एक आकर्षक पर्यटन स्थल और पिकनिक स्पॉट के रूप में विकसित होकर पूरे क्षेत्र की पहचान बनेगा.
