खास को मिली, आम ढूंढ़ रहे दुकान
जिले में खुलनी हैं शराब की 16 दुकानें
लाइसेंस व परमिट लेने की चल रही प्रक्रिया
शराब दुकान संचालन के लिए बिहार स्टेट बेवरेज कोरपोरेशन के अधिकारी लाइसेंस व परमिट लेने की प्रक्रिया में लगे हैं. कोरपोरेशन के मुंगेर डीपी मैनेजर पीके भगत ने बताया कि जिस वाहन से शराब की ढुलाई होगी उसका परमिट लिया जा रहा है जो अबतक प्राप्त नहीं हुआ है. साथ ही चयनित दुकानों पर भी तैयारी चल रही है. शीघ्र ही शराब की दुकानें खुल जायेगी. अब देखना यह होगा कि इन दुकानों पर सरकार के नियमों का कितना पालन होता है.
मुंगेर : मुंगेर नगर निगम एवं जमालपुर नगर परिषद क्षेत्र में सरकारी स्तर पर बिहार स्टेट वेबरेज कोरपोरेशन के 16 शराब की दुकानें खुलनी है. जिसमें मुंगेर शहरी क्षेत्र में 12 व जमालपुर में 4 दुकानें शामिल है. किंतु अबतक एक भी दुकान नहीं खुल पायी है. कोरपोरेशन के अधिकारी पहले सप्ताह में कम से कम चार दुकान को खोलने के कवायद में लगे हैं. किंतु तकनीकी कारणों से अबतक एक भी दुकान नहीं खुल पायी है.
मुंगेर में बनती रही है अवैध शराब
मुंगेर शहर में कई स्थानों पर अवैध शराब के निर्माण व बिक्री का कारोबार वर्षों से चलता रहा है. अवैध शराब के कारोबार से तो कुछ लोगों ने अकूत संपत्ति भी अर्जित की. मुंगेर पुलिस द्वारा कई बार शहर में अवैध शराब की फैक्टरी भी पकड़ी गयी.
जहां न सिर्फ देशी व मसालेदार बल्कि विदेशी शराब बनती रही है. गत वर्ष 15 सितंबर को कासिम बाजार थाना क्षेत्र के नारायण कॉलोनी मिर्जापुर में छापेमारी कर पुलिस ने अवैध विदेशी शराब की फैक्टरी का उद्भेदन किया था.
जहां से 180 एमएल के 657 शराब की बोतलें बरामद की गयी थी. जबकि तैयार शराब, स्प्रीट, खाली बोतल, रैपर व चार पंचिंग मशीन भी जब्त किया गया था. पुलिस ने दिलावरपुर निवासी जीतेंद्र कुमार एवं कासिम बाजार थाना क्षेत्र के हजरतगंज चौक निवासी प्रकाश चौधरी को शराब बनाते गिरफ्तार किया था. इससे पूर्व भी हजरतगंज बाड़ा एवं संदलपुर में अवैध शराब की फैक्ट्रियां पकड़ी गयी थी.
