मुंगेर : मुंगेर चैंबर ऑफ कॉमर्स के चुनाव के पूर्व ही आमसभा व चुनाव के समय को लेकर घमासान शुरू हो गया है. एक ओर जहां चैंबर के अध्यक्ष व सचिव द्वारा पहले आमसभा और फिर चुनाव की बात कही जा रही तो दूसरी ओर चैंबर चुनाव के लिए अधिकृत मुख्य चुनाव पदाधिकारी ने पहले चुनाव फिर आमसभा की घोषणा की है. जिसे लेकर व्यवसायियों के बीच विवाद उत्पन्न हो गया है. मुंगेर चैंबर ऑफ कॉमर्स का द्वि-वार्षिक चुनाव आगामी 10 अप्रैल को निर्धारित है.
इसके लिए सोमवार को तीन ग्रुप द्वारा अध्यक्ष व सचिव के लिए नामांकन कराया गया. इसके साथ ही अलग-अलग ग्रुप के अध्यक्ष एवं सचिव मतदाता व्यवसायी सदस्यों से अपने पक्ष में मतदान के लिए घुमने भी लगे. लेकिन मंगलवार को चैंबर ऑफ कॉमर्स द्वारा दो अलग-अलग विज्ञप्ति ने चैंबर चुनाव में विवाद पैदा कर दिया है. चैंबर के अध्यक्ष राजेश जैन एवं सचिव प्रभात कुमार द्वारा जारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि चैंबर के नियमावली के अनुसार पहले आमसभा और फिर बाद में चुनाव का प्रावधान है.
इसलिए इसी प्रकार चुनाव का कार्यक्रम तय होनी चाहिए. चैंबर का एक बड़ा तबका इस बात से सहमत है कि आमसभा के बाद ही चुनाव करायी जाय. लेकिन चैंबर चुनाव के लिए अधिकृत मुख्य चुनाव पदाधिकारी राजकुमार सरावगी एवं उप चुनाव पदाधिकारी रविशंकर प्रसाद व भावेश जैन द्वारा चैंबर अध्यक्ष व सचिव के प्रस्ताव को नकारते हुए चुनाव के संदर्भ में किसी भी परिवर्तन से इनकार किया है और इसे अफवाह करार दिया है. उन्होंने कहा है कि 10 अप्रैल को प्रात: 8 बजे से 2 बजे तक चुनाव की प्रक्रिया होगी. इधर मुंगेर चैंबर ऑफ कॉमर्स के नियमावली खंड 10 में आमसभा की कार्य सूची अंकित है.
जिसमें पहले नंबर पर पिछले आमसभा की कार्यवाही की संपुष्टि, आय-व्यय व अंकेक्षण प्रतिवेदन को देखना है. साथ ही अगर आवश्यक हो तो चैंबर के उद्देश्यों एवं नियमावली में संशोधन किया जाना है. कार्य सूची के क्रमांक छह में अगले सत्र के लिए अध्यक्ष व मंत्री के चुनाव का प्रावधान है.
