मुंगेर : नेम निष्ठा का महापर्व छठ की तैयारी प्रारंभ हो गयी है. यूं तो रविवार से छठ का चार दिवसीय अनुष्ठान प्रारंभ होगा. लेकिन बाजार में सूप, डाला व पान प्रसाद की बिक्री तेज हो गयी है.
एक ओर गंगा घाटों पर जहां नगर निगम द्वारा सफाई का कार्य चल रहा. वहीं विभिन्न संगठनों ने भी अपनी तैयारी प्रारंभ कर दी है. छठ पर्व को लेकर बाजार में दुकान सजने लगी है. खरीदारों की भीड़ बाजार में उमड़ रही है. सूप-डाला, नारियल व मोटे सामन की खरीदारी लोग पहले से कर रहे हैं. साथ ही आम की लकड़ी, मिट्टी का चूल्हा, लोहे का चूल्हा व लोहिया का भी बाजार लगा है.
जिसकी खरीदारी हो रही है. मिट्टी के चूल्हा का है डिमांड छठ पर्व नेम, निष्ठा और पवित्रता के लिए जाना जाता है. अधिकांश घरों में छठ व्रती महिलाएं मिट्टी के चूल्हा पर ही कद्दू-भात बनाती है. मिट्टी के चूल्हे पर ही छठ पर्व का प्रसाद बनाया जाता है.
जिसको लेकर शीतला स्थान सहित अन्य दुकानें लगी है. 60 रुपये से 80 रुपये तक मिट्टी का चूल्हा बाजार में बिक रहे हैं. इतना ही नहीं आम की लकड़ी व मिट्टी के बरतन की भी खूब बिक्री हो रही है. सूप व नारियल से सजा बाजारछठ पर्व को लेकर बांस के बने सूप व डाला का बाजार सजा हुआ है. गांधी चौक पर इसका मुख्य दुकान है.
जबकि बाजार के अन्य स्थानों पर भी सूप-डाला का दुकान सजा हुआ था. 100 से 160 रुपये तक डाला और 50 से 80 रुपये (जोड़ा) तक सूप की बिक्री हो रही है. जबकि दर्जनों स्थानों पर नारियल की दुकान सजी है. जहां 40 रुपये जोड़ा से लेकर 80 रुपये जोड़ा तक नारियल बेचा जा रहा है.
केतारी से पटा बाजार शहर के एक नंबर ट्रैफिक एवं पूरबसराय में केतारी का बाजार सज गया है. जहां लोग जमकर खरीदारी कर रहे हैं. अच्छे और सीधे किस्म की केतारी 15 से 25 रुपये प्रति डांट बेचा गया. वहीं छोटे-मोटे व टेढ़े-मेढ़े केतारी (ईख) 10 से 15 रुपये बेची जा रही है. जबकि इसके अतिरिक्त कौड़ा मैदान, गांधी चौक, मुर्गिया चक सहित विभिन्न स्थानों पर केतारी की बिक्री की जा रही है.
