Madhubani News: झंझारपुर नगर परिषद के वार्ड संख्या-4 स्थित ड्योधी पोखर इंडस्ट्रीज एरिया की वर्षों पुरानी गंदगी और जलजमाव की समस्या अब खत्म होने लगी है. लंबे समय तक दुर्गंध और गंदगी से परेशान रहने वाले स्थानीय लोगों को राहत मिली है. अब इसी क्षेत्र में 55.28 करोड़ रुपये की लागत से बिहार का पहला मॉडल ग्रीन इंडस्ट्रियल एरिया विकसित किया जा रहा है.
Jhanjharpur News: वर्षों तक गंदगी और दुर्गंध से जूझते रहे लोग
स्थानीय लोगों के अनुसार ड्योधी पोखर इंडस्ट्रीज एरिया लंबे समय तक गंदगी और दुर्गंध का केंद्र बना रहा. पछिया और पुरवा हवा चलने पर दुर्गंध 200 से 300 मीटर तक फैल जाती थी, जिससे आसपास रहने वाले हजारों परिवारों को परेशानी होती थी. स्थानीय निवासी दीपक पोद्दार, संजय साह, राघवेंद्र सिंह और राजू मंडल ने बताया कि कई जनप्रतिनिधियों के प्रयासों के बावजूद वर्षों तक समस्या का समाधान नहीं हो सका.
उद्योग विभाग की पहल से बदली तस्वीर
स्थानीय लोगों ने बताया कि तत्कालीन उद्योग मंत्री नीतीश मिश्रा के कार्यकाल में उद्योग विभाग के माध्यम से क्षेत्र की सफाई, जल निकासी और आधारभूत संरचना को बेहतर बनाने की पहल शुरू हुई. इसके बाद इलाके की स्थिति में लगातार सुधार हुआ और लोगों को दुर्गंध तथा जलजमाव से राहत मिलने लगी.
55.28 करोड़ से बनेगा मॉडल ग्रीन इंडस्ट्रियल एरिया
बंद पड़े पेपर मिल परिसर को बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकरण (BIADA) के तहत मॉडल ग्रीन इंडस्ट्रियल एरिया के रूप में विकसित किया जा रहा है. करीब 1,29,216 वर्गफीट क्षेत्र में बनने वाली इस परियोजना पर 55.28 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. इसे बिहार का पहला मॉडल ग्रीन औद्योगिक क्षेत्र बताया जा रहा है.
निवेशकों को मिलेगी प्लग एंड प्ले सुविधा
निरीक्षण के दौरान उद्योग मंत्री नीतीश मिश्रा ने कहा कि विकसित हो रहा यह औद्योगिक क्षेत्र निवेशकों को प्लग एंड प्ले मॉडल पर उद्योग स्थापित करने की सुविधा देगा. पर्यावरण अनुकूल आधारभूत संरचना के साथ यह परियोजना झंझारपुर और आसपास के क्षेत्रों में औद्योगिक विकास तथा रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी.
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