Madhubani News : लखनौर /झंझारपुर. लखनौर प्रखंड की उमरी गांव स्थित आदर्श यशोधर सार्वजनिक पुस्तकालय परिसर में शनिवार की रात मैथिली गीत-संगीत की अविरल धारा बहती रही. महाकवि विद्यापति सह पत्रकार कमलेश झा स्मृति पर्व समारोह के प्रथम दिन दूसरे सत्र में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में सुधि श्रोता रविवार की सुबह तक रससिक्त होकर झूमते रहे. सांस्कृतिक कार्यक्रम की शुरुआत मिथिला के सुप्रसिद्ध कलाकार बमबम झा ने महाकवि विद्यापति की अमर वंदना जय-जय भैरवि असुर भयाऊनि से की. इसके बाद उन्होंने स्वागत गीत मंगलमय दिन आजु हे पाहुन छथि आयल. प्रस्तुत कर माहौल को भक्तिमय बना दिया. सुप्रसिद्ध कलाकार रानी झा ने मिथिला के धिया सिया जगत जननी भेलै. और अछि सुन पिया जी हमर अंगना. जैसे गीतों की मनमोहक प्रस्तुति देकर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया. प्रसिद्ध उद्घोषक भैरव कांत झा ने अपने हास्य-व्यंग्य और सटिक रचनाओं से श्रोताओं की भरपूर तालियां बटोरीं. वहीं वाद्य संगत में बैंजो पर शिव कुमार, ऑर्गन पर बमबम झा, नाल पर कन्हैया एवं प्रकाश झा तथा पैड पर पिंकू की संगत ने कार्यक्रम को और भी प्रभावशाली बना दिया. गीत-संगीत की इस सरिता में उमरी गांव की रात सांस्कृतिक रंगों से सराबोर हो गया. मिथिला की समृद्ध लोक संस्कृति का जीवंत दर्शन देर रात तक देखने को मिला.
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