छात्रावास को सरकार व सरकारी बाबू ने बना रखा है कैदखाना : निशांत

छात्रावास को सरकार व सरकारी बाबू ने बना रखा है कैदखाना : निशांत

मधेपुरा. जिला मुख्यालय स्थित कला भवन परिसर में शुक्रवार को एनएसयूआइ नेताओं व कार्यकर्ताओं ने कल्याण विभाग द्वारा संचालित छात्रावासों की बदहाली व जिला कल्याण पदाधिकारी की मनमानी के खिलाफ धारणा दिया, जिसका नेतृत्व प्रदेश उपाध्यक्ष निशांत यादव ने किया. प्रदर्शन के बाद जिला पदाधिकारी तारणजोत सिंह को मांग पत्र सौंपा. निशांत ने कहा कि छात्रावास को सरकार व सरकारी बाबू कैदखाना बनाकर रखा है. समस्याओं पर सवाल करने पर संबंधित अधिकारी हॉस्टल से बाहर निकालने की धमकी देते हैं. साफ-सफाई, स्वच्छ पेयजल व शौचालय तक की बेहतर व्यवस्था नहीं है. उन्होंने कहा कि जननायक कर्पूरी ठाकुर अतिपिछड़ा वर्ग छात्रावास में स्थिति सबसे अधिक नारकीय है. यत्र-तत्र फर्श पर कीचड़ रहता है.निशांत ने कहा कि बिजली जाने पर जेनरेटर नहीं चलाया जाता है. वहीं जिला उपाध्यक्ष जितेंद्र कुमार ने कहा कि छात्रावास के चारों ओर जंगल उग गया है. साफ-सफाई नहीं होती है. मच्छर व सांप-कीड़ा के वजह से अनहोनी का भय रहता है. जिला महासचिव नवीन कुमार ने कहा कि छात्रावासों में नामांकन के लिए आवेदन करने की सूचना समाचार पत्रों में नहीं डाला जाता है. इस कारण छात्र आवेदन करने से भी वंचित रह जाते हैं. मौके पर विश्वविद्यालय सचिव लाल बहादुर, प्रखंड संयोजक रणधीर कुमार, संतन कुमार, उमेश कुमार, ऋषि कुमार, सुशील कुमार, अमरजीत कुमार, श्रवण कुमार, साजन कुमार, मनीष कुमार, सोनू कुमार, रविशंकर कुमार, चंदन राय, धीरेंद्र राम, रणजीत कुमार, मनखुश कुमार, भूषण कुमार, नीतीश कुमार, रंजीतबकुमार, रणविजय कुमार, कुंदन कुमार आदि मौजूद थे.

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Published by: Kumar ashish

कुमार आशीष 15 वर्षों से प्रभात खबर समूह के साथ पत्रकारिता जगत में सक्रिय हैं. दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक और भारतीय विद्या भवन, नई दिल्ली से जनसंचार में डिग्री प्राप्त करने के बाद इन्होंने राजनीति, अपराध और कोसी अंचल की रिपोर्टिंग में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है. डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पिछले पांच वर्षों से सक्रिय हैं. पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए इन्हें नेपाल में 'अंतरराष्ट्रीय मैथिली युवा पत्रकारिता सम्मान' से नवाजा जा चुका है.

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