शव की अबतक नहीं हो पायी है पहचान

शव की अबतक नहीं हो पायी है पहचान

उदाकिशुनगंज.

उदाकिशुनगंज थाना क्षेत्र के बुधमा ओपी अंतर्गत नयानगर गांव से पश्चिम नहर किनारे गढ्ढे में एक युवक का शव मिला रविवार को मिला था. अबतक शव की शिनाख्त नहीं पायी है. सदर अस्पताल में शव को पोस्टमार्टम के बाद पहचान के लिए रखा गया है. थानाध्यक्ष विनोद कुमार सिंह ने बताया कि अज्ञात शव को लेकर थाना में प्राथमिकी दर्ज कर ली गयी है, लेकिन शव की पहचान नहीं हो पा रही है. ऐसे में 72 घंटे के बाद शव का अंतिम संस्कार करा दिया जायेगा. बताया जाता है कि शव क्षत-विक्षत स्थिति में मिलने और दुर्गन्ध के कारण दो तीन दिन पहले हत्या होने की आशंका जाहिर की गयी है. थानाध्यक्ष विनोद कुमार सिंह ने बताया कि युवक के शरीर पर उभरे जख्म से हत्या की आशंका प्रतीत हो रही है. मामले की जांच की जा रही है. जांच के बाद ही मामले का खुलासा हो पायेगा.

इतने दिन तक संभाली जाती है शव

किसी भी लावारिस शव को पुलिस सफेद चादर में लपेटकर मुर्दाघर ले जाती है और वहां शिनाख्त या फिर जांच पूरी होने तक शव को रखा जाता है. शव के कपड़ों को मालखाने में जमा कर दिया जाता है, जिससे पहचान के समय उनका उपयोग हो सके. आम मामलों में तीन से चार दिन तक शव रखी जाती है, अगर इसके बाद भी कोई संपर्क नहीं करता है, तो पुलिस उसका अंतिम संस्कार करवाती है.

इन तरीकों से की जाती है पहचान

किसी भी लावारिस शव की पहचान के लिए पुलिस उसकी तस्वीर व वीडियोग्राफी करवाती है. उन्हें नजदीकी थानों में भेजा जाता है. इसके अलावा अखबारों में भी गुमशुदगी के विज्ञापन निकाले जाते हैं. व्हाट्सएप ग्रुप पर भी ये तस्वीरें जाती हैं, जिससे उनकी पहचान हो सके. शव की शिनाख्त में कोई गड़बड़ी न हो, इसके लिए उनका डीएनए मैचिंग प्रोफाइल तैयार किया जाता है, जिससे जरूरत पड़ने पर शिनाख्त की जा सके.

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Author: GUNJAN THAKUR

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