चैती पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित हुआ एक दिवसीय सत्संग समारोह
चाननचुलहन दास कृत रामजानकी आश्रम मननपुर रेलवे मैदान में गुरुवार की रात मानव कल्याण को लेकर स्वामी धर्मानंद जी महाराज के नेतृत्व में चैती पूर्णिमा के अवसर पर एक दिवसीय सत्संग किया गया. जिसमें उन्होंने सत्संग के माध्यम से बताया कि मानव सेवा से बढ़कर कोई सेवा नहीं है. उन्होंने कहा कि सत्संग मानव जीवन के कल्याण का सशक्त माध्यम है. सत्संग से न केवल आध्यात्मिक ज्ञान की प्राप्ति होती है बल्कि की भीतर शांति, संयम और भक्ति की भावना भी विकसित होती है. सत्संग के प्रभाव से मनुष्य के भीतर मौजूद अहंकार का नाश भी होता है और सच्चे मार्ग की ओर अग्रसर होता है. वहीं धर्मानंद दास जी महाराज ने कहा कि आज कितने निर्दोष मानव का नरसंहार हो रहा है. मानव का विचार बदल गया है और अपने प्रेम को भूलकर एक दूसरे को जान लेने पर तुले हैं. जबकि धर्म हमको आपस भाई चारा का ज्ञान देती है, लेकिन ऐसा नहीं होता है. सत्संग के बाद भंडारा का आयोजन भी किया गया. इस सत्संग में कई दूरदराज से सत्संग प्रेमी पहुंचे इस अवसर पर नंदकिशोर यादव, यमुना पंडित, नागेश्वर महतो सहित सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालुओं उपस्थित थे.
