सुखानी में उपजाऊ खेतों को बंजर बनाने का काला खेल, प्रशासन मौन
सुखानी में उपजाऊ खेतों को बंजर बनाने का काला खेल, प्रशासन मौन
By AWADHESH KUMAR | Updated at :
जेसीबी से हो रही मिट्टी की अवैध खुदाई, सड़कों पर धूल से राहगीरों का जीना मुहाल
पौआखाली. भारत-नेपाल सीमा से सटे सुखानी थाना क्षेत्र के फुटानी चौक व बारह पोठिया इलाके में इन दिनों उपजाऊ भूमि को बंजर बनाने का खेल धड़ल्ले से जारी है. कृषि प्रधान इस क्षेत्र में जेसीबी मशीनों के जरिए खेतों की मिट्टी को खोदकर व्यावसायिक उपयोग के लिए बेचा जा रहा है. विडंबना यह है कि दिन के उजाले में चल रहे इस अवैध कारोबार पर प्रशासन ने पूरी तरह से आंखें मूंद रखी हैं.
नियमों को ताक पर रखकर हो रही खुदाई
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, फुटानी चौक व बारह पोठिया के आसपास के खेतों में सुबह होते ही जेसीबी मशीनें गरजने लगती हैं. मिट्टी माफिया नियमों को ताक पर रखकर खेतों की गहराई तक खुदाई कर रहे हैं. यह मिट्टी ट्रैक्टर ट्रॉली के जरिए स्थानीय ईंट भट्ठों व निजी निर्माण कार्यों में ऊंचे दामों पर खपाई जा रही है. ग्रामीणों में यह चर्चा आम है कि बिना किसी विभागीय मिलीभगत के इतने बड़े पैमाने पर मशीनों का चलना संभव नहीं है.
धूल और जर्जर सड़कों से लोग परेशान
मिट्टी के इस अवैध परिवहन ने रसिया-साबोडांगी व आसपास की मुख्य सड़कों को भी जर्जर कर दिया है. ट्रैक्टरों से गिरने वाली मिट्टी सड़कों पर जम जाती है, जो बाद में धूल बनकर राहगीरों व दुकानदारों का जीना मुहाल कर रही है. इससे न केवल लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ गयी है. खनन विभाग की चुप्पी पर भी स्थानीय लोग सवाल उठा रहे हैं.
ग्रामीणों ने की कार्रवाई की मांग
स्थानीय ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि अवैध खनन स्थलों पर तत्काल छापेमारी कर जेसीबी मशीनों को जब्त किया जाए. साथ ही मिट्टी माफियाओं पर प्राथमिकी दर्ज कर बिना चालान मिट्टी ढोने वाले ट्रैक्टरों पर भारी जुर्माना लगाया जाए. ग्रामीणों का कहना है कि उपजाऊ मिट्टी की यह लूट भविष्य में कृषि के लिए बड़ा संकट पैदा कर देगी.
कहती हैं थानाध्यक्ष
मामले को लेकर सुखानी थानाध्यक्ष मन्नू कुमारी ने बताया कि अवैध मिट्टी खनन की जानकारी मिली है. इस संबंध में खनन विभाग को सूचित किया जा रहा है. विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर जल्द ही चिह्नित स्थलों पर छापेमारी की जाएगी व दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.