कोढ़ा प्रखंड क्षेत्र में इस वर्ष मैट्रिक परीक्षा का परिणाम आते ही खुशी की लहर दौड़ गयी. छात्र-छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन कर पूरे इलाके का नाम रोशन किया है. खास बात यह रही कि इस बार भी बेटियों ने अपनी मेहनत और लगन से सफलता का परचम लहराते हुए सभी को गर्व महसूस कराया है. प्रखंड के कई विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट अंक हासिल कर यह साबित कर दिया कि सीमित संसाधन भी मजबूत इरादों के आगे बाधा नहीं बनते. सबसे अधिक चर्चा दक्षिणी सिमरिया की छात्रा असमीरा खातून की हो रही है. असमीरा ने 471 अंक प्राप्त कर जिले में सातवां स्थान हासिल किया है. प्रखंड में दूसरा स्थान प्राप्त किया है. असमीरा के पिता एक मजदूर हैं, जो सीमित आय में परिवार का भरण-पोषण करते हैं. आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद असमीरा ने अपनी पढ़ाई में कोई कमी नहीं आने दी और कठिन परिश्रम के बल पर यह उल्लेखनीय सफलता हासिल की. उनकी उपलब्धि यह संदेश देती है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो कोई भी बाधा सफलता की राह नहीं रोक सकती. बबीता कुमारी ने 441 अंक प्राप्त कर अपने विद्यालय और गांव का नाम रोशन किया है. बबीता का जीवन भी संघर्षों से भरा रहा है. उनके पिता मजदूरी करते हैं और परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है. मां की बीमारी के बावजूद बबीता ने घर की जिम्मेदारियां निभाते हुए पढ़ाई जारी रखी. बबीता का सपना है कि वह आगे चलकर जिलाधिकारी (डीएम) बनकर समाज की सेवा करें. इसके अलावा सोनाक्षी प्रिया ने 350 अंक प्राप्त कर मूसापुर विद्यालय की प्रतिष्ठा बढ़ाई है. सरफराज ने 402 अंक हासिल कर पवई पंचायत का नाम रोशन किया है. इस वर्ष के परिणामों ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि कोढ़ा प्रखंड में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है. विशेष रूप से बेटियों का प्रदर्शन बेहद प्रेरणादायक रहा. जिन्होंने हर चुनौती को पार कर सफलता का नया इतिहास रचा है. नगर पंचायत बरारी की मुख्य पार्षद बबीता यादव ने सभी सफल छात्र-छात्राओं को बधाई देते हुए कहा कि कोढ़ा की बेटियां लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं. जो पूरे समाज के लिए गर्व की बात है.
कोढ़ा की बेटियों ने रचा इतिहास: असमीरा खातून को मिला जिले में सातवां स्थान
कोढ़ा की बेटियों ने रचा इतिहास: असमीरा खातून को मिला जिले में सातवां स्थान
