– परिजनों ने चिकित्सक पर लापवाही बरतने का आरोप लगाकर किया जमकर हंगामा फोटो 6,7 कैप्शन- मौत के बाद जुटे परिजन, अस्पताल गेट पर प्रदर्शन करते लोग कटिहार सदर अस्पताल में एक बार फिर लापरवाही सामने आया. रविवार को सांप डसने के पीड़ित एक बुजुर्ग की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया. मृतक की पहचान मनसाही थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर पांच निवासी 60 वर्षीय महेंद्र भुइया के रूप में हुई है. परिजनों का आरोप है रविवार की सुबह महेंद्र भुइया पुआल उठा रहे थे. इसी दौरान एक जहरीले सांप ने उनके हाथ में डस लिया. परिजन आनन-फानन में उन्हें कटिहार सदर अस्पताल लेकर पहुंचे लेकिन अस्पताल पहुंचने के बाद भी कथित रूप से डॉक्टरों ने उन्हें करीब एक घंटे तक बिना उपचार के इंतजार में रखा. इस दौरान मरीज को कोई प्राथमिक इलाज या एंटी-वेनम इंजेक्शन नहीं दी गयी. मृतक के पुत्र बिगन भुइया ने आरोप लगाया कि कई बार अनुरोध करने के बावजूद ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने तत्काल इलाज शुरू नहीं किया. जब मरीज की हालत गंभीर होने लगी तब जाकर उन्हें वार्ड में भर्ती किया. तीन इंजेक्शन लगाये गये. इंजेक्शन देने के कुछ ही देर बाद महेंद्र भुइया की हालत और बिगड़ गयी और दम तोड़ दिया. जैसे ही डॉक्टरों को मौत की जानकारी मिली. परिजनों के अनुसार इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर मौके से गायब हो गये. इससे गुस्साए परिजनों ने अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा शुरू कर दिया. इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए जिम्मेदार डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने लगे. परिजनों का कहना था कि अगर समय पर प्राथमिक उपचार शुरू कर दिया जाता तो महेंद्र भुइया की जान बचाई जा सकती थी. आक्रोशितों को अस्पताल की सुरक्षा गार्ड ने समझा बुझाकर शांत कराया. नगर थाना पुलिस भी सदर अस्पताल पहुंची और घटना को लेकर परिजनों से अवगत हुए. परिजन इस मामले को लेकर कोई भी लिखित शिकायत अभी तक दर्ज नहीं कराई है. लोगों ने कहा कि सदर अस्पताल में लापरवाही का यह कोई पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी कई मरीज इलाज में देरी या डॉक्टरों की अनुपस्थिति के कारण अपनी जान गंवा चुके हैं. लेकिन हर बार प्रशासनिक जांच की बात कहकर मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है.
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