Kaimur News : रामपुर में केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी अपार आईडी (ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री) योजना के तहत विद्यार्थियों का शैक्षणिक पंजी तैयार करने में लापरवाही बरतने और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (बीईओ) के निर्देशों की अनदेखी करने पर रामपुर प्रखंड के आठ विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों के खिलाफ कार्रवाई की गई है. प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी सह बीडीओ ऋतु रंजन कुमार ने सभी संबंधित प्रधानाध्यापकों का 28 जुलाई का एक दिन का वेतन तत्काल प्रभाव से स्थगित करते हुए 24 घंटे के भीतर लिखित स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है.
अपार आईडी बनाने के लिए बुलाई गई थी बैठक
प्रखंड कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देश पर सभी विद्यार्थियों का अपार आईडी बनाना अनिवार्य किया गया है. इसके तहत विद्यालय स्तर पर नामांकित छात्रों का डाटा तैयार कर पोर्टल पर अपलोड किया जाना है. इस कार्य को समयबद्ध तरीके से पूरा कराने और तकनीकी सहयोग उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने 28 जुलाई को दोपहर एक बजे सभी प्रधानाध्यापकों को आवश्यक अभिलेखों के साथ कार्यालय में उपस्थित होने का निर्देश दिया था.
बिना सूचना बैठक से रहे अनुपस्थित
निर्धारित बैठक में कई विद्यालयों के प्रधानाध्यापक बिना किसी पूर्व सूचना के अनुपस्थित रहे. इनमें उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालय पुनांव, उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालय अमांव, उत्क्रमित मध्य विद्यालय मड़ियांव, उत्क्रमित मध्य विद्यालय दियरी, मध्य विद्यालय बसिनी, प्राथमिक विद्यालय चमरियांव, न्यू प्राथमिक विद्यालय हरजीपुर सहित कुल आठ विद्यालयों के प्रधानाध्यापक शामिल हैं.
आदेश की अवहेलना को माना गंभीर अनुशासनहीनता
बीईओ सह बीडीओ ऋतु रंजन कुमार ने कहा कि महत्वपूर्ण सरकारी कार्य में शिथिलता, वरीय अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना और कर्तव्यों के प्रति उदासीनता गंभीर अनुशासनहीनता है. इससे जिले में अपार आईडी बनाने का लक्ष्य प्रभावित हो रहा है. उन्होंने बताया कि सभी संबंधित प्रधानाध्यापकों का 28 जुलाई का एक दिन का वेतन तत्काल प्रभाव से स्थगित कर दिया गया है. साथ ही पत्र प्राप्ति के 24 घंटे के भीतर कारण बताओ नोटिस का जवाब देने का निर्देश दिया गया है.
संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर होगी विभागीय कार्रवाई
बीईओ ने स्पष्ट किया है कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर संतोषजनक स्पष्टीकरण प्राप्त नहीं होता है तो संबंधित प्रधानाध्यापकों के विरुद्ध नियमानुसार विभागीय कार्रवाई की जाएगी. इस संबंध में जारी पत्र की प्रति निकासी एवं व्ययन पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (समग्र शिक्षा) तथा जिला शिक्षा पदाधिकारी, कैमूर को भी भेज दी गई है. इस कार्रवाई के बाद पूरे प्रखंड के शिक्षकों के बीच हड़कंप का माहौल है.
